Shimla Cherry: दिल्ली में 1800 रुपये डिब्बे के रिकॉर्ड रेट पर बिकी शिमला की चेरी, बागवान गदगद
बागवान हरिसिंह चौहान के बेटे सूरज चौहान ने बताया कि मर्चेंट और डूरो नूरो किस्म की चेरी के 42 पैनेट दिल्ली भेजे थे। मांग अधिक होने के चलते चेरी को अच्छे रेट मिले।
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शिमला की चेरी को दिल्ली की आजादपुर मंडी में इस सीजन के रिकॉर्ड रेट मिले हैं। कोटगढ़ की चौहान वाटिका कोटीधार की चेरी प्रति डिब्बा 1800 रुपये के रेट पर बिकी है। इस सीजन का यह अब तक का रिकॉर्ड रेट है। बागवान हरिसिंह चौहान के बेटे सूरज चौहान ने बताया कि मर्चेंट और डूरो नूरो किस्म की चेरी के 42 पैनेट दिल्ली भेजे थे। मांग अधिक होने के चलते चेरी को अच्छे रेट मिले। सूरज चौहान ने बताया कि उनके बगीचे में चेरी की आधुनिक किस्मों के करीब सौ पेड़ हैं। इस साल सामान्य के मुकाबले सिर्फ 30 फीसदी ही फसल है। सीजन में अब तक 375 पैनेट बेचे हैं।
शनिवार को सबसे अच्छे रेट मिले। अभी करीब 150 पैनेट बेचने बाकी है। आजादपुर मंडी के एमएस महेंद्र सिंह सतपाल सिंह एंड कंपनी के संचालक मनमीत सिंह ने बताया कि चेरी की फसल कम होने के कारण मांग अधिक होने से अच्छे रेट मिल रहे हैं। कोटगढ़ के बागवान की चेरी का साइज बहुत बढि़या था और डार्क ब्राउन रंग के कारण खरीदार ने इसके रिकाॅर्ड रेट दिए। पारदर्शी पैनेट में क्वालिटी साफ दिखने से भी चेरी को रिकाॅर्ड 1800 रेट मिले हैं। गुरुग्राम के बड़े मॉल में यह चेरी 2100 से 2200 रुपये तक बिकेगी।
सेब के साथ गुठलीदार फलों पर भी ध्यान दे सरकार : सिंघा
गुठलीदार फल सेब का विकल्प बन रहे हैं। इस साल दाम भी बहुत अच्छे मिल रहे हैं। शनिवार को कोटगढ़ की चेरी 1800 रुपये डिब्बे के रेट पर बिकी। रेड ब्यूट किस्म के प्लम को भी 140 रुपये पैनेट तक रेट मिल रहे हैं। सरकार को सेब के साथ गुठलीदार फलों के उत्पादन पर भी ध्यान केंद्रित करना चाहिए। - दीपक सिंघा, संयोजक, स्टोन फ्रूट ग्रोवर्स एसोसएशन