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Himachal Weather: शिमला में 19 साल बाद मई सर्वाधिक ठंडा, इस दिन तक हिमाचल प्रदेश में खराब रहेगा मौसम
Thu, 07 May 2026 10:03 AM IST
Ankesh Dogra
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला।
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला।
Published by: Ankesh Dogra
Updated Thu, 07 May 2026 10:03 AM IST
सार
हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में इन दिनों अधिकतम तापमान 18 से 21 डिग्री के बीच चल रहा है। उधर, मौसम के बदले मिजाज से हिमाचल में आजकल सामान्य से दस डिग्री कम अधिकतम तापमान चल रहा है। पढ़ें पूरी खबर...
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रिज मैदान शिमला।
- फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
विस्तार
राजधानी शिमला में 19 साल बाद मई में सबसे कम पारा रिकॉर्ड हुआ है। शिमला में इन दिनों अधिकतम तापमान 18 से 21 डिग्री के बीच चल रहा है। इससे पूर्व साल 2007 में मई के दौरान अधिकतम तापमान सबसे अधिक 26 डिग्री तक ही पहुंचा था। अब 19 साल बाद पारे में बड़ी कमी दर्ज हुई है।
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उधर, मौसम के बदले मिजाज से हिमाचल में आजकल सामान्य से दस डिग्री कम अधिकतम तापमान चल रहा है। आमतौर पर मई के दौरान 40 डिग्री से अधिक पारे का सामना करने वाले ऊना, बिलासपुर, कांगड़ा और हमीरपुर जिलों में इन दिनों तापमान 28 से 33 डिग्री के बीच ही चल रहा है। प्रदेश में सुबह और शाम के समय मौसम में ठंडक अभी भी बरकरार है।
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बुधवार को रोहतांग दर्रा के साथ ऊंची पहाड़ियों में फिर बर्फबारी हुई। रामपुर, चंबा और कुल्लू में ओलावृष्टि हुई। राजधानी शिमला में भी बाद बरसे। प्रदेश के मध्य और उच्च पर्वतीय आठ जिलों किन्नौर, लाहौल-स्पीति, शिमला, सोलन, सिरमौर, मंडी, कुल्लू और चंबा के कुछ क्षेत्रों में वीरवार को बारिश और अंधड़ के आसार हैं। मैदानी जिलों ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर और कांगड़ा में मौसम साफ रहेगा। आठ से दस मई तक पूरे प्रदेश में मौसम साफ रहने की संभावना है। इस दौरान धूप खिलने से तापमान में बढ़ोतरी होने के आसार हैं। 11 और 12 मई को पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता से दोबारा बारिश का पूर्वानुमान है।
उधर, बुधवार दोपहर बाद जिला कुल्लू और लाहौल घाटी के निचले इलाकों में बारिश से मौसम ठंडा रहा। सैंज टटी के शैंशर, शांघड़ और गाडापारली में भारी ओलावृष्टि हुई है। इससे सेब के साथ गेहूं, जौ, मटर, आडू को नुकसान हुआ है। भारी मात्रा में ओले गिरने से पूरी घाटी बर्फ की तरह सफेद हो गई।
उधर, बुधवार दोपहर बाद जिला कुल्लू और लाहौल घाटी के निचले इलाकों में बारिश से मौसम ठंडा रहा। सैंज टटी के शैंशर, शांघड़ और गाडापारली में भारी ओलावृष्टि हुई है। इससे सेब के साथ गेहूं, जौ, मटर, आडू को नुकसान हुआ है। भारी मात्रा में ओले गिरने से पूरी घाटी बर्फ की तरह सफेद हो गई।
मई के छह दिनों में सामान्य से 28% अधिक बारिश
हिमाचल में मई के छह दिन प्रदेश में सामान्य से 28 फीसदी अधिक बारिश दर्ज की गई। 1 से 6 मई की अवधि के लिए 13.9 मिलीमीटर बारिश को सामान्य माना गया, लेकिन वास्तव में 17.8 मिलीमीटर बारिश हुई। बिलासपुर में सामान्य से 367, हमीरपुर में 197, कांगड़ा में 168, मंडी में 160, शिमला में 284, सिरमौर में 336, सोलन में 304 व ऊना जिले में 317 फीसदी अधिक बारिश हुई। हालांकि, चंबा में सामान्य से 49, किन्नाैर में 51, कुल्लू में 6 व लाहौल-स्पीति में 89 फीसदी कम बारिश हुई।
हिमाचल में मई के छह दिन प्रदेश में सामान्य से 28 फीसदी अधिक बारिश दर्ज की गई। 1 से 6 मई की अवधि के लिए 13.9 मिलीमीटर बारिश को सामान्य माना गया, लेकिन वास्तव में 17.8 मिलीमीटर बारिश हुई। बिलासपुर में सामान्य से 367, हमीरपुर में 197, कांगड़ा में 168, मंडी में 160, शिमला में 284, सिरमौर में 336, सोलन में 304 व ऊना जिले में 317 फीसदी अधिक बारिश हुई। हालांकि, चंबा में सामान्य से 49, किन्नाैर में 51, कुल्लू में 6 व लाहौल-स्पीति में 89 फीसदी कम बारिश हुई।