{"_id":"69bd5a9c92173654a50aea34","slug":"school-children-will-no-longer-study-in-the-dark-electricity-supply-restored-shimla-news-c-19-sml1002-693414-2026-03-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shimla News: अब अंधेरे में नही पढ़ेंगे स्कूली बच्चे, बिजली आपूर्ति बहाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shimla News: अब अंधेरे में नही पढ़ेंगे स्कूली बच्चे, बिजली आपूर्ति बहाल
विज्ञापन
अमर उजाला इंपैक्ट
एक महीने से अंधेरे में पढ़ाई करने को मजबूर थे ढली स्कूल के बच्चे, अब हरकत में आया शिक्षा विभाग
स्कूल में पढ़ाई कर रहे हैं 100 के करीब विद्यार्थी
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। राजकीय प्राथमिक पाठशाला ढली के स्कूल प्रबंधन द्वारा बिजली का बिल भरने के बाद विद्युत बोर्ड ने स्कूल की बिजली आपूर्ति बहाल कर दी है। अमर उजाला ने 10 और 20 मार्च के अंक में स्कूल में बिजली न होने का मामला प्रमुखता से उठाया था।
जानकारी के अनुसार फरवरी में स्कूल में नए शैक्षणिक सत्र के शुरू होने के साथ ही स्कूल में पढ़ाई करने वाले 100 के करीब विद्यार्थियों की पढ़ाई अंधेरे में चल रही थी। स्कूल प्रबंधन की लापरवाही के कारण करीब एक महीने से विद्यार्थी अंधेरे में पढ़ाई करने को मजबूर थे। इस कारण बच्चों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही थी। बीते कल यह मामला स्थानीय विधायक एवं पंचायतीराज मंत्री अनिरुद्ध सिंह के पास भी उठा था। मंत्री के ध्यान में मामला आते ही उन्होंने संज्ञान लिया था और बोर्ड को दिशा निर्देश जारी किए। मंत्री के निर्देशों के बाद शिक्षा भाग हरकत में आया और स्कूल प्रबंधन ने 24 घंटे के भीतर लंबित 1.68 लाख का बिल भर दिया। बिल भरने के बाद विभाग ने तुरंत चंद घंटों में स्कूल की बिजली आपूर्ति बहाल कर दी। स्कूल के विद्यार्थी अब उजाले में पढ़ाई कर सकेंगे। गौरतलब है कि बिजली बोर्ड ने लंबे समय से बिल का भुगतान न होने के कारण बीते 27 जनवरी को स्कूल का बिजली का कनेक्शन काट दिया था।
प्रधानाचार्य को नोटिस जारी
स्कूल शिक्षा निदेशालय ने नई परिसर प्रणाली के तहत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला ढली के प्रधानाचार्य को कार्य में लापरवाही और उच्च अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना के आरोप में कारण बताओ नोटिस भी जारी किया है। स्कूल निदेशक ने मामले की गंभीरता को देखते हुए स्कूल प्रधानाचार्य को 23 मार्च को निदेशालय में व्यक्तिगत तौर उपस्थित होने के निर्देश दिए हैं। नोटिस में साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि तय तिथि पर उपस्थित न होने पर उनके खिलाफ नियमानुसार एकतरफा कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
विज्ञापन
कोट
स्कूल प्रबंधन ने बिजली के लंबित बिजली बिल का भुगतान कर दिया है। स्कूल में बिजली बहाल हो गई है।
रंजीत सिंह, स्कूल प्रधानाचार्य
कोट
स्कूल ने शुक्रवार को 1.68 लाख के लंबित बिल का भुगतान कर दिया है। भुगतान होने के बाद बोर्ड ने स्कूल की बिजली बहाल कर दी है।
शुभम चौहान, सहायक अभियंता बिजली बोर्ड
विज्ञापन
एक महीने से अंधेरे में पढ़ाई करने को मजबूर थे ढली स्कूल के बच्चे, अब हरकत में आया शिक्षा विभाग
स्कूल में पढ़ाई कर रहे हैं 100 के करीब विद्यार्थी
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। राजकीय प्राथमिक पाठशाला ढली के स्कूल प्रबंधन द्वारा बिजली का बिल भरने के बाद विद्युत बोर्ड ने स्कूल की बिजली आपूर्ति बहाल कर दी है। अमर उजाला ने 10 और 20 मार्च के अंक में स्कूल में बिजली न होने का मामला प्रमुखता से उठाया था।
जानकारी के अनुसार फरवरी में स्कूल में नए शैक्षणिक सत्र के शुरू होने के साथ ही स्कूल में पढ़ाई करने वाले 100 के करीब विद्यार्थियों की पढ़ाई अंधेरे में चल रही थी। स्कूल प्रबंधन की लापरवाही के कारण करीब एक महीने से विद्यार्थी अंधेरे में पढ़ाई करने को मजबूर थे। इस कारण बच्चों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही थी। बीते कल यह मामला स्थानीय विधायक एवं पंचायतीराज मंत्री अनिरुद्ध सिंह के पास भी उठा था। मंत्री के ध्यान में मामला आते ही उन्होंने संज्ञान लिया था और बोर्ड को दिशा निर्देश जारी किए। मंत्री के निर्देशों के बाद शिक्षा भाग हरकत में आया और स्कूल प्रबंधन ने 24 घंटे के भीतर लंबित 1.68 लाख का बिल भर दिया। बिल भरने के बाद विभाग ने तुरंत चंद घंटों में स्कूल की बिजली आपूर्ति बहाल कर दी। स्कूल के विद्यार्थी अब उजाले में पढ़ाई कर सकेंगे। गौरतलब है कि बिजली बोर्ड ने लंबे समय से बिल का भुगतान न होने के कारण बीते 27 जनवरी को स्कूल का बिजली का कनेक्शन काट दिया था।
विज्ञापन
प्रधानाचार्य को नोटिस जारी
स्कूल शिक्षा निदेशालय ने नई परिसर प्रणाली के तहत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला ढली के प्रधानाचार्य को कार्य में लापरवाही और उच्च अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना के आरोप में कारण बताओ नोटिस भी जारी किया है। स्कूल निदेशक ने मामले की गंभीरता को देखते हुए स्कूल प्रधानाचार्य को 23 मार्च को निदेशालय में व्यक्तिगत तौर उपस्थित होने के निर्देश दिए हैं। नोटिस में साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि तय तिथि पर उपस्थित न होने पर उनके खिलाफ नियमानुसार एकतरफा कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
विज्ञापन
कोट
स्कूल प्रबंधन ने बिजली के लंबित बिजली बिल का भुगतान कर दिया है। स्कूल में बिजली बहाल हो गई है।
रंजीत सिंह, स्कूल प्रधानाचार्य
कोट
स्कूल ने शुक्रवार को 1.68 लाख के लंबित बिल का भुगतान कर दिया है। भुगतान होने के बाद बोर्ड ने स्कूल की बिजली बहाल कर दी है।
शुभम चौहान, सहायक अभियंता बिजली बोर्ड