महंगाई की मार, आसमान पर दाल-सब्जियों के दाम
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मई माह के मुकाबले जून माह में दालों और सब्जियों की कीमतों में इजाफा हुआ है। चीनी की कीमत में करीब 15 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। सब्जियों में भी बीते माह के मुकाबले इस माह तेजी है। टमाटर की कीमतें सबसे अधिक तेजी से बढ़ी हैं।
अनाज मंडी एसोसियेशन के सचिव कमलेश ने बताया कि एक माह के भीतर कुछ दालों की कीमतें बढ़ी हैं हालांकि कुछ दालें ऐसी भी हैं जिनकी कीमतें स्थित हैं।
खाद्य तेलों की कीमतों में एक माह के भीतर कोई फर्क नहीं पड़ा है। उधर कृष्णा फ्रूट एंड वेजिटेबल एसोसियेशन सब्जी मंडी के अध्यक्ष सतपाल शर्मा ने बताया कि मटर और टमाटर की कीमतों में एक माह के भीतर भारी तेजी आई है। पिछले महीने मटर 20 से 30 रुपये प्रति किलो बिक रहा था इस महीने मटर की कीमत 30 से 40 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है।
टमाटर की कीमतों में भी भारी इजाफा हुई है। पिछले महीने टमाटर 8 से 10 रुपये बिक रहा था जबकि इस माह कीमत बढ़कर 35 से 40 रुपये प्रतिकिलो हो गई है। फूल गोभी की कीमतों मे भी बीते माह के मुकाबले इजाफा हुआ है।
आमद घटने मांग बढ़ने से महंगा हुआ टमाटर
सर्विस टैक्स में लगातार हो रही बढ़ोतरी और पेट्रोल डीजल की कीमतें बढ़ने से खाद्य पदार्थों के रेट बढ़े रहे हैं। कीमतें नियंत्रित करने के लिए केंद्र सरकार को गंभीर प्रयास करने चाहिए। - इंद्रजीत सिंह, अध्यक्ष, व्यापार मंडल शिमला
पिछले महीने के मुकाबले इस महीने बाजार में टमाटर की आमद घट गई है जबकि मांग में कोई कमी नहीं आई है। कृष्णा फ्रूट एंड वेजिटेबल एसोसियेशन सब्जी मंडी के अध्यक्ष सतपाल शर्मा ने बताया कि मैदानी इलाकों से टमाटर की सप्लाई पूरी तरह बंद हो गई है। शिमला का टमाटर मैदानी इलाकों को भी सप्लाई हो रहा है। ऐसे में आमद घटने और मांग बढ़ने से टमाटर की कीमतें बढ़ रही हैं।
10 से बढ़कर 30 रुपये पहुंचा खीरा
मई माह में 5 से 10 रुपये प्रति किलो बिक रहे खीरे के जून माह में तेवर बदल गए हैं। सब्जी मंडी में खीरा 25 से 30 रुपये प्रतिकिलो बिक रहा है। सब्जी मंडी के मुकाबले उपनगरों में सब्जियां 10 से 20 रुपये मंहगी बेची जा रही है।