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बैठक में मंथन: कांस्टेबलों के संशोधित पे बैंड की मियाद आठ से घटाकर पांच साल करने की तैयारी
Mon, 24 Jan 2022 09:44 PM IST
Krishan Singh
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Mon, 24 Jan 2022 09:44 PM IST
सार
सोमवार को मुख्यमंत्री ने पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में एक सवाल के जवाब में कहा कि पुलिस कांस्टेबलों ने अपना प्रस्ताव दिया है। सरकार सकारात्मक तरीके से काम करने वाली है। पुलिस को अनुशासन में रहकर अपनी बात करने का अधिकार है।
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हिमाचल पुलिस कांस्टेबल(सांकेतिक)
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
सरकार के लिए गले की फांस बन चुका पुलिस कांस्टेबलों के संशोधित पे बैंड का मामला अब सुलझने के कगार पर है। सूत्रों के अनुसार सरकार कांस्टेबलों को रिवाइज पे बैंड देने की मियाद आठ से पांच साल करने को तैयार हो गई है। सोमवार को शासन और पुलिस मुख्यालय के उच्चाधिकारियों के साथ एक बड़ी बैठक हुई। माना जा रहा है कि मेस बहिष्कार के रूप में चल रहा टकराव खत्म करने के लिए सरकार जल्द इस पर आधिकारिक रूप से एलान भी कर सकती है। हालांकि, सरकार की इस तैयारी की भनक लगने के साथ कांस्टेबलों ने एक बार फिर अपना रुख साफ कर दिया है।
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पुलिस मुख्यालय में डीजीपी संजय कुंडू से मुलाकात कर पांच के बजाय सीधे दो साल में ही संशोधित पे बैंड देने की मांग की। कांस्टेबलों का कहना था कि पांच साल किए जाने से कुछ कांस्टेबलों को ही राहत मिलेगी, जबकि बड़ी संख्या में कांस्टेबलों की परेशानी जस की तस रहेगी। ऐसे में सरकार को पुलिस के जवानों के बीच बांटने की कवायद के बजाय सकारात्मक रुख अपनाते हुए सभी के हितों को ध्यान में रखते हुए फैसला ले। डीजीपी ने फिर से मुख्यमंत्री से मुलाकात कर कांस्टेबलों की मांग से उन्हें अवगत कराया है।
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सीएम बोले, कांग्रेस ने बिगाड़ी, हम दुरुस्त करेंगे व्यवस्था
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने पुलिस कांस्टेबलों के पे बैंड मामले का जल्द कोई समाधान निकालने का इशारा किया है। कहा कि पिछली सरकार ने नए नियम बनाकर व्यवस्था बिगाड़ी थी, जिसे हम सही करेंगे। पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में एक सवाल के जवाब में सीएम ने कहा कि पुलिस को अनुशासन में रहकर अपनी बात करने का अधिकार है। वर्ष 2015 में कांग्रेस की सरकार थी तो उसी वक्त नियमों में बदलाव उसी सरकार ने किए। जिन सरकार और पार्टी की वजह से ये नुकसान हुआ है, उनके बारे में सोचा जाना चाहिए। मौजूदा सरकार के बारे में नहीं।
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कर्मचारियों को नुकसान पहुंचाने का कोई लक्ष्य नहीं : जयराम
नए संशोधित पे स्केल पर कर्मचारियों के विसंगति के मामले में मुख्यमंत्री ने कहा कि उनका कर्मचारियों को नुकसान पहुंचाने का कोई लक्ष्य नहीं है। प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों को समय-समय पर वित्तीय लाभ दिए हैं। इस बारे में गंभीरता से विचार किया जा रहा है। इससे जरूर किसी न किसी निष्कर्ष तक पहुंचा जाएगा।