नई खेल नीति का मसौदा तैयार, सबके सुझाव लेकर दिया जाएगा अंतिम रूप: गोविंद
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हिमाचल सरकार ने नई खेल नीति का कच्चा मसौदा तैयार कर लिया है। इसे सुझाव और फेरबदल के लिए जनता के बीच भी रखा गया है। सुझाव के बाद इसे अंतिम रूप दिया जाएगा और जल्द ही नई नीति के तहत खेल विभाग काम करेगा। खेल मंत्री गोविंद ठाकुर ने गुरुवार को विधानसभा में भाजपा के राकेश जम्वाल द्वारा प्रदेश की नई खेल नीति घोषित करने को लेकर लाए गए संकल्प पर हुई चर्चा के जवाब में यह बात कही।
चर्चा के दौरान सरकार ने इस संकल्प को मंजूर कर लिया। खेल मंत्री ने संकल्प पर हुई चर्चा के जवाब में कहा कि जनता के समक्ष रखी गई नई खेल नीति में इस चर्चा के दौरान दिए गए सुझावों को शामिल किया जाएगा। इसके अतिरिक्त भी यदि कोई सदस्य सुझाव देना चाहता है तो सरकार उसे स्वीकार कर आवश्यकता अनुसार नीति में शामिल करेगी।
खेल मंत्री ने कहा कि नई नीति को अंतिम रूप देते वक्त शिक्षा विभाग को विश्वास में लिया जाएगा ताकि खेल और पढ़ाई दोनों साथ-साथ चलती रहे। ठाकुर ने इस दौरान खेल संघों में राजनीतिक हस्तक्षेप की खिलाफत की। उन्होंने कहा कि जब से जयराम ठाकुर सरकार सत्ता में आई है तब से कोई भी राजनेता खेल संघों का अध्यक्ष नहीं बना है।
उन्होंने कहा कि सरकार ने एक अधिसूचना निकालकर किसी भी खेल के कोच के खेल संघ का सचिव बनने पर भी रोक लगा दी है ताकि खेलों को राजनीति से दूर रख सके। उन्होंने राज्य में साहसिक खेलों को बढ़ावा देने की भी वकालत की और कहा कि खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए विभिन्न राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतने वाले खिलाड़ियों के लिए नकद इनाम की राशि बढ़ाई है।
खेल मंत्री ने कहा कि सरकार ने ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने वाले को दो करोड़, रजत पदक जीतने वाले को एक करोड़ और कांस्य पदक जीतने वाले को 50 लाख का नकद इनाम देने का प्रावधान किया है। इसके अलावा सरकारी नौकरी में खिलाड़ियों को तीन फीसदी आरक्षण भी दिया जा रहा है।
राकेश बोले, नीति न होने के बावजूद अच्छा प्रदर्शन कर रहे युवा
प्रदेश में युवाओं को खेल के प्रति प्रोत्साहित करने व खेलों को बढ़ावा देने के लिए खेल नीति बनाने को लेकर संकल्प सदन में प्रस्तुत करते हुए राकेश जम्वाल ने कहा कि प्रदेश में खेल नीति न होने के बावजूद राज्य के खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं। उन्होंने प्रदेश में युवाओं को खेलों की ओर आकर्षित करने के लिए पड़ोसी राज्य पंजाब और हरियाणा की तर्ज पर नकद इनाम राशि में बढ़ोतरी करने और प्रशिक्षण के लिए विश्वस्तरीय सुविधाएं देने की मांग की।
उन्होंने कहा कि विधानसभा परिसर में खेल गतिविधियों के लिए व्यवस्था करने और सभी पंचायतों में ओपन एयर जिम स्थापित करने की भी मांग की ताकि युवाओं को नशे की ओर जाने से रोका जा सके। संकल्प पर हुई चर्चा में विधायक सुखविंद्र सिंह सुक्खू, बिक्रम सिंह जरयाल, राजेंद्र राणा, सुभाष ठाकुर, लखविंद्र राणा, परमजीत सिंह पम्मी, राम लाल ठाकुर, राकेश पठानिया, जगत सिंह नेगी, विशाल नैहरिया, नंद लाल, बलवीर वर्मा, राजेंद्र गर्ग और जेआर कटवाल ने भी अपने विचार रखे।