कर्मचारी हड़ताल पर, आज से बंद रहेंगे डाकघर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अगर आपको डाकघर में जरूरी काम है तो ऐसे में परेशानी झेलने के लिए तैयार रहें। 10 मार्च से ग्रामीण डाकघरों में अनिश्चतकालीन हड़ताल रहेगी।
अखिल भारतीय ग्रामीण डाक सेवक संघ के राष्ट्रीय नेतृत्व के साथ पहले हड़ताल से पूर्व वार्ता का दौर सिरे नहीं चढ़ पाने की वजह से आज 10 मार्च से देश भर के ग्रामीण डाकघरों में अनिश्चितकालीन हडताल शुरू हो रही है।
अखिल भारतीय ग्रामीण डाक सेवक संघ के राष्ट्रीय महासचिव एसएस महादैविया ने दिल्ली से इस बात की पुष्टि करते हुए देश भर के तमाम ग्रामीण डाक सेवकों को हडताल सफल बनाने के लिए एकजुटता के साथ आगे आने की अपील की है।
बताया गया है कि अखिल भारतीय जीडीएस यूनियन के नेताओं ने हड़ताल से शुरु करने से एक दिन पूर्व यानि सोमवार को श्रमायुक्त, विभाग के निदेशालय के आला अधिकारियों से अपनी मांगों के बारे में अवगत करवाते हुए हडताल की नौबत न आने को लेकर परामर्श किया।
आलाधिकारियों द्वारा बातचीत न करने पर लिया फैसला
मगर बकौल एसएस महादैविया निदेशालय के आला अधिकारियों ने संघ से बातचीत नहीं करके देश भर के पौने तीन लाख ग्रामीण डाक कर्मियों को हडताल पर जाने के लिए विवश कर दिया है।
संघ के परिमंडलीय सचिव एवं राष्ट्रीय उपाध्यक्ष दाताराम चंदेल ने सोमवार को कहा कि हड़ताल लंबी चल सकती है, लिहाजा ग्रामीण डाक कर्मियों को इस सफल बनाने के लिए अपनी ताकत का एहसास करवाने का वक्त आ गया है।
कहा कि इस बार की हडताल आर या पार की लड़ाई को लेकर है। पिछले 35 से 40 सालों से अपनी जायज मांगों के लिए हक की जंग लड़ रहे ग्रामीण डाक सेवकों से केंद्र सरकार धक्केशाही एवं शोषण की नीति अपनाए हुए हैं।
आज तक इस वर्ग के लिए कोई ठोस नीति तय नहीं हुई है। काम का बोझ बढ़ाया जा रहा है, सुविधाएं नदारद हैं। चंदेल ने ऊना
मंडल के तमाम ग्रामीण डाक सेवकों से ऊना मुख्य डाकघर में पहुंचने की अपील की है।