{"_id":"6aca3caf43e4dabd3601e2ec","slug":"parking-news-shimla-shimla-news-c-19-sml1002-801510-2026-10-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shimla News: राजधानी के प्रवेशद्वार पर एप से बुक होगी पार्किंग, सैलानियों को नहीं पड़ेगा भटकना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shimla News: राजधानी के प्रवेशद्वार पर एप से बुक होगी पार्किंग, सैलानियों को नहीं पड़ेगा भटकना
विज्ञापन
नगर निगम ने तारादेवी, तवी मोड़, ढली में लगाई एलईडी स्क्रीन, सभी बड़ी पार्किंग की मिलेगी जानकारी
शहर में बनी पार्किंग को जोड़ा जाएगा एप से, नए वर्ष से चालू होगी सुविधा
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। शिमला आने वाले हजारों सैलानियों को अब शहर में अपनी गाड़ी खड़ी करने के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। राजधानी के प्रवेशद्वार पर ही सैलानी अपनी गाड़ी के लिए एप के जरिये पार्किंग बुक करवा सकेंगे। नगर निगम नए साल से पहले इस सुविधा को शुरू करने जा रहा है।
इसके लिए शहर के तीन प्रवेशद्वारों पर एलईडी स्क्रीन लगा दी गई हैं। तारादेवी, तवी मोड़ और ढली प्रवेशद्वार पर नगर निगम ने स्क्रीन लगाने का काम पूरा कर दिया है। अब स्मार्ट एप के जरिये इन्हें शहर में बनी पार्किंग से जोड़ा जा रहा है। निगम प्रशासन के अनुसार कार्टरोड के आसपास की दस बड़ी पार्किंग को इस सुविधा से जोड़ने की तैयारी है। इसमें लिफ्ट के पास बनी दो बड़ी पार्किंग, छोटा शिमला, संजौली, बसस्टैंड, ढली में बनी पार्किंग शामिल हैं। इन सभी पार्किंग में खाली जगहों का ब्योरा शहर के प्रवेशद्वारों पर लगाई गई एलईडी स्क्रीन पर अपडेट होगा। शहर में पहुंचने से पहले ही सैलानी को पता चल जाएगा कि किस पार्किंग में कितनी जगह खाली है। स्क्रीन पर मोबाइल एप की जानकारी भी दर्शायी जाएगी। सैलानी इस एप पर ऑनलाइन भुगतान कर बुकिंग करवा सकेंगे।
दो पार्किंग का ट्रायल रहा था सफल-
नगर निगम साल 2024 में भी इस सुविधा को देने के लिए शहर की दो पार्किंग में ट्रायल कर चुका है। यह ट्रायल सफल रहा था। हालांकि, संबंधित कंपनी से बाद में इस योजना को आगे बढ़ाने पर बात नहीं बन पाई। अब नगर निगम नई एजेंसी से इस सेवा को शुरू करने जा रहा है। नगर निगम के प्रोजेक्ट निदेशक धीरज चंदेल ने कहा कि शिमला आने वाले सैलानियों के लिए यह सुविधा फायदेमंद होगी। जल्द ही इसे शुरू किया जा रहा है।
विज्ञापन
इनसेट
शिमला में सबसे ज्यादा पार्किंग के लिए भटकते हैं सैलानी
समर और विंटर टूरिस्ट सीजन के अलावा वीकेंड पर हजारों सैलानी शिमला पहुंचते हैं। यहां ज्यादातर होटलों के पास अपनी पार्किंग नहीं है। कार्टरोड पर चार बड़ी पार्किंग तो हैं लेकिन इनमें भी जगह के लिए मारामारी रहती है। इसके चलते सैलानियों से मनमानी वसूली भी होती है। अब एप के जरिये होने वाली बुकिंग से यह वसूली रुकेगी। साथ ही जगह भी आसानी से मिल जाएगी।
विज्ञापन
शहर में बनी पार्किंग को जोड़ा जाएगा एप से, नए वर्ष से चालू होगी सुविधा
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। शिमला आने वाले हजारों सैलानियों को अब शहर में अपनी गाड़ी खड़ी करने के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। राजधानी के प्रवेशद्वार पर ही सैलानी अपनी गाड़ी के लिए एप के जरिये पार्किंग बुक करवा सकेंगे। नगर निगम नए साल से पहले इस सुविधा को शुरू करने जा रहा है।
इसके लिए शहर के तीन प्रवेशद्वारों पर एलईडी स्क्रीन लगा दी गई हैं। तारादेवी, तवी मोड़ और ढली प्रवेशद्वार पर नगर निगम ने स्क्रीन लगाने का काम पूरा कर दिया है। अब स्मार्ट एप के जरिये इन्हें शहर में बनी पार्किंग से जोड़ा जा रहा है। निगम प्रशासन के अनुसार कार्टरोड के आसपास की दस बड़ी पार्किंग को इस सुविधा से जोड़ने की तैयारी है। इसमें लिफ्ट के पास बनी दो बड़ी पार्किंग, छोटा शिमला, संजौली, बसस्टैंड, ढली में बनी पार्किंग शामिल हैं। इन सभी पार्किंग में खाली जगहों का ब्योरा शहर के प्रवेशद्वारों पर लगाई गई एलईडी स्क्रीन पर अपडेट होगा। शहर में पहुंचने से पहले ही सैलानी को पता चल जाएगा कि किस पार्किंग में कितनी जगह खाली है। स्क्रीन पर मोबाइल एप की जानकारी भी दर्शायी जाएगी। सैलानी इस एप पर ऑनलाइन भुगतान कर बुकिंग करवा सकेंगे।
विज्ञापन
दो पार्किंग का ट्रायल रहा था सफल-
नगर निगम साल 2024 में भी इस सुविधा को देने के लिए शहर की दो पार्किंग में ट्रायल कर चुका है। यह ट्रायल सफल रहा था। हालांकि, संबंधित कंपनी से बाद में इस योजना को आगे बढ़ाने पर बात नहीं बन पाई। अब नगर निगम नई एजेंसी से इस सेवा को शुरू करने जा रहा है। नगर निगम के प्रोजेक्ट निदेशक धीरज चंदेल ने कहा कि शिमला आने वाले सैलानियों के लिए यह सुविधा फायदेमंद होगी। जल्द ही इसे शुरू किया जा रहा है।
विज्ञापन
इनसेट
शिमला में सबसे ज्यादा पार्किंग के लिए भटकते हैं सैलानी
समर और विंटर टूरिस्ट सीजन के अलावा वीकेंड पर हजारों सैलानी शिमला पहुंचते हैं। यहां ज्यादातर होटलों के पास अपनी पार्किंग नहीं है। कार्टरोड पर चार बड़ी पार्किंग तो हैं लेकिन इनमें भी जगह के लिए मारामारी रहती है। इसके चलते सैलानियों से मनमानी वसूली भी होती है। अब एप के जरिये होने वाली बुकिंग से यह वसूली रुकेगी। साथ ही जगह भी आसानी से मिल जाएगी।