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Shimla News: समरहिल में अवैध ढारे गिराने के आदेश, डिप्टी मेयर से मिले लोग
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बोले बरसात में कहां रखेंगे परिवार
नगर निगम से राहत दिलाने की उठाई मांग
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। शहर के समरहिल वार्ड में बने अवैध ढारों को गिराने के नगर निगम प्रशासन के आदेशों से हड़कंप मच गया है। नगर निगम ने यहां बने पांच ढारों को हटाने के नोटिस दिए हैं। इन ढारों में रहने वाले लोग बुधवार को टाउनहाॅल पहुंचे और उप महापौर उमा कौशल से राहत की मांग की।
लोगों ने कहा कि वह कई सालों से यहां रह रहे हैं। अब यदि ढारे तोड़े गए तो बच्चों और महिलाओं को लेकर वह कहां जाएंगे। शहर में उनका अपना कोई मकान नहीं है, ऐसे में उन्हें राहत दी जाए। उपमहापौर उमा कौशल ने इस बारे में स्थानीय पार्षद वीरेंद्र ठाकुर से बात की। पार्षद ने कहा कि समरहिल में 12 क्वार्टर की लाइन में नगर निगम कर्मचारियों के आवास बने हैं। इन आवासों के साथ ही खाली पड़ी निगम की जमीन पर यह अवैध ढारे बने हैं। उपमहापौर ने कहा कि यदि अवैध ढारे तोड़ने ही हैं तो इनके रहने के लिए कोई व्यवस्था की जाए। पार्षद ने कहा कि सांसद से इन लोगों को राहत देने के लिए बजट की मांग की जाएगी। इनके लिए आवास बनाने की योजना पर चर्चा करेंगे।
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नगर निगम से राहत दिलाने की उठाई मांग
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। शहर के समरहिल वार्ड में बने अवैध ढारों को गिराने के नगर निगम प्रशासन के आदेशों से हड़कंप मच गया है। नगर निगम ने यहां बने पांच ढारों को हटाने के नोटिस दिए हैं। इन ढारों में रहने वाले लोग बुधवार को टाउनहाॅल पहुंचे और उप महापौर उमा कौशल से राहत की मांग की।
लोगों ने कहा कि वह कई सालों से यहां रह रहे हैं। अब यदि ढारे तोड़े गए तो बच्चों और महिलाओं को लेकर वह कहां जाएंगे। शहर में उनका अपना कोई मकान नहीं है, ऐसे में उन्हें राहत दी जाए। उपमहापौर उमा कौशल ने इस बारे में स्थानीय पार्षद वीरेंद्र ठाकुर से बात की। पार्षद ने कहा कि समरहिल में 12 क्वार्टर की लाइन में नगर निगम कर्मचारियों के आवास बने हैं। इन आवासों के साथ ही खाली पड़ी निगम की जमीन पर यह अवैध ढारे बने हैं। उपमहापौर ने कहा कि यदि अवैध ढारे तोड़ने ही हैं तो इनके रहने के लिए कोई व्यवस्था की जाए। पार्षद ने कहा कि सांसद से इन लोगों को राहत देने के लिए बजट की मांग की जाएगी। इनके लिए आवास बनाने की योजना पर चर्चा करेंगे।
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