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शिमला में अब बस की 'नो टेंशन'
विश्वास भारद्वाज/अमर उजाला, शिमला
Updated Sun, 14 Sep 2014 03:16 PM IST
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ओल्ड बस स्टैंड से टुटीकंडी आईएसबीटी के लिए अब यात्रियों को हर दस मिनट में बस मिलेगी। परिवहन विभाग ने ओल्ड बस स्टैंड-आईएसबीटी रूट पर 12 निजी बस ऑपरेटरों को रूट परमिट जारी कर दिए हैं। दोनों बस अड्डों के बीच बस सेवा बढ़ने से शहर के लोगों के साथ देश-विदेश से आने वाले सैलानियों को राहत मिलेगी।
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जल्द ही ओल्ड बस स्टैंड-आईएसबीटी रूट पर 12 निजी बसें चलना शुरू हो जाएंगी। अभी तक इस रूट पर एचआरटीसी की गिनी चुनी शटल बसें चल रही हैं। दोनों बस अड्डों पर यात्रियों को करीब आधा घंटा इंतजार करने के बाद बस मिलती है। अब बसें बढ़ने से लोगों को इन दिक्कतों से राहत मिलेगी।
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अभी तक यह थी व्यवस्था
ओल्ड बस स्टैंड से आईएसबीटी के लिए एचआरटीसी की चार शटल बसें चल रही थीं। लोगों को करीब आधे घंटे बाद आईएसबीटी के लिए बस मिलती थी। शटल बसों में भारी ओवरलोडिंग से लोग परेशान थे।
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यात्रियों को होगी सुविधा
प्राइवेट बस आपरेटर यूनियन के महासचिव अमित चड्ढा ने कहा कि ओल्ड बस स्टैंड-आईएसबीटी रूट पर अतिरिक्त बसें चलने से यात्रियों को लाभ होगा। परिवहन विभाग रूट परमिट देता है तो प्राइवेट बस आपरेटर खलीनी रूट पर सेवाएं देने को तैयार हैं।
कम बस सेवा के चलते परेशान थे यात्री
टूटीकंडी आईएसबीटी से खलीनी की ओर एचआरटीसी की बहुत कम बसें चल रही हैं। इस रूट पर यात्रियों की संख्या अधिक रहती है। मांग के मुताबिक नाकाफी इंतजाम के चलते लोगों को परेशानी झेलनी पड़ती है। उधर ओल्ड बस स्टैंड-आईएसबीटी रूट पर अतिरिक्त बस सेवा देने के एचआरटीसी के दावे हवाई साबित हुए हैं।
एचआरटीसी प्रबंधन ने इस रूट पर शटल सर्विस (हरी बसें) बढ़ाने के दावे किए थे, बावजूद इसके बस सेवा में विस्तार नहीं हुआ। न्यू शिमला, पंथाघाटी समेत अन्य क्षेत्रों से आईएसबीटी जाने वाले यात्रियों को करीब आधा से पौना घंटे तक बसों का इंतजार करना पड़ता है। लोगों का कहना है कि इस रूट पर भी बसों की आवाजाही बढ़ानी होगी ताकि लोगों को राहत मिल सके।