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नगर निगम चुनाव: पार्षदों को मनाने तीन मंत्री पहुंचे, नहीं करवा पाए फैसला
Thu, 07 Dec 2023 11:59 AM IST
अरविन्द ठाकुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Thu, 07 Dec 2023 11:59 AM IST
सार
नगर निगम में कांग्रेस दो गुटों में बंटी हुई है। उन्हें एकजुट करने के लिए कांग्रेस अब तक तीन से चार बैठकें कर चुकी है। मगर दोनों धड़े मानने को तैयार नहीं है।
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लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
नगर निगम सोलन में महापौर और उपमहापौर चुनाव कांग्रेस के लिए गले की फांस बन गई है। डिनर डिप्लोमेसी के बहाने कांग्रेसी पार्षदों को एकजुट करने के लिए बुधवार देरशाम न्यू सर्किट हाउस में के तीन मंत्रियों ने बैठक ली। फिर भी सहमति नहीं बन पाई। इसमें लोक निर्माण विभाग मंत्री विक्रमादित्य सिंह, उद्योग मंत्री हर्षवर्धन सिंह और स्वास्थ्य मंत्री कर्नल धनीराम शांडिल मौजूद रहे। वहीं कांग्रेस के सभी नौ पार्षद बैठक में पहुंचे।
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करीब तीन घंटे चली बैठक में पार्षदों को मनाने के लिए मंत्रियों ने अंतिम कोशिश की। बताया जा रहा है कि बैठक में दोनों गुटों को अलग-अलग बिठाकर उन्हें एकजुट होने के लिए कहा गया। मगर इसमें दोनों धड़े एक-दूसरे के अलग ही रहे। गौरतलब है कि नगर निगम में कांग्रेस दो गुटों में बंटी हुई है। उन्हें एकजुट करने के लिए कांग्रेस अब तक तीन से चार बैठकें कर चुकी है। मगर दोनों धड़े मानने को तैयार नहीं है। बताया जा रहा है कि इसमें एक धड़े ने यहां तक कह दिया था कि यदि उनकी बात नहीं मानी गई तो वे भाजपा को समर्थन दे देंगे। इसके बाद कांग्रेस में अब कहीं न कहीं डर बना हुआ था।
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यही कारण है कि कांग्रेस के तीन-तीन मंत्रियों को अब उन्हें मनाने के लिए लगाया गया है। बुधवार देर शाम हुई बैठक में भी कांग्रेस के दोनों धड़ों को मनाने के लिए कांग्रेस के तीन मंत्रियों ने अंतिम कोशिश की। कांग्रेस के पास सोलन निगम में बहुमत है। इसमें कांग्रेस के पास 17 में से नौ पार्षद हैं, जबकि सात भाजपा और एक निर्दलीय है। विधायक को वोट अधिकारी मिलने से अब कांग्रेस का एक मत और बढ़ गया है। इसके बावजूद कांग्रेस की गुटबाजी हावी है।
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कांग्रेस पर टिकी भाजपा की रणनीति
भाजपा ने चुनाव को लेकर पहले ही रणनीति तैयार कर ली है। अब भाजपा कांग्रेस की दावेदारी देख कर अपनी चाल चलेगी। बताया जा रहा है कि भाजपा ने अपने महापौर, उपमहापौर के दावेदार तय कर दिए हैं। मगर वे तभी उन्हें चुनाव में उतारेगी अगर कांग्रेस की गुटबाजी शांत नहीं हुई। भाजपा का दावा है कि कांग्रेस के कुछ पार्षद उनके संपर्क में हैं।
मेयर, डिप्टी मेयर को लेकर पार्षदों के साथ मंथन किया है। इस पर हुई चर्चा की मुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष को जानकारी दी जाएगी। वीरवार सुबह 11 बजे तक उम्मीदवारों के नामों की घोषणा कर दी जाएगी। - विक्रमादित्य सिंह, मंत्री, लोक निर्माण विभाग