फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   Midi buses will be out of City, Rural and Taradevi depots

Shimla News: सिटी, ग्रामीण और तारादेवी डिपो से बाहर होंगी मिडी बसें

Mon, 28 Sep 2026 11:59 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Mon, 28 Sep 2026 11:59 PM IST
विज्ञापन
Midi buses will be out of City, Rural and Taradevi depots
एचआरटीसी की बीओडी के फैसले के लागू होने से तीनों डिपो से बाहर होंगी 55 बसें, झेलनी पड़ सकती हैं दिक्कतें
विज्ञापन

अकेले शिमला शहर में रोजाना चलती हैं 35 बसें
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स (बीओडी) की बैठक में 10 वर्ष का कार्यकाल पूरा कर चुकीं मिडी बसों को बेड़े से बाहर करने का निर्णय लिया है। यह बसें जेएनएनयूआरएम योजना के तहत खरीदी थीं। इस फैसले से शहर की परिवहन व्यवस्था और निगम के शहर तथा जिला शिमला के तीनों डिपो के कामकाज पर असर पड़ सकता है।

वर्तमान में शिमला शहरी डिपो, शिमला ग्रामीण और तारादेवी डिपो में 55 मिडी बसें चल रही हैं। स्क्रैप पॉलिसी के तहत इन बसों को हटाने से डिपो की सेवाएं प्रभावित होना तय है। हालांकि बीओडी की बैठक में इन मिडी बसों को चरणबद्ध तरीके से हटाने और उनकी जगह नई बसें खरीदकर बेड़े में शामिल करने की सहमति बनी है। इससे निगम को चरणों में ही इन बसों को हटाना होगा और 11 वर्ष पूरे करने वाली बसें पूरी तरह बाहर होंगी। परिवहन निगम इस फैसले को लागू करने के लिए एक रूपरेखा तैयार कर रहा है जिसके सार्वजनिक होने पर ही मिडी बसों को हटाने की पूरी प्रक्रिया स्पष्ट होगी।
विज्ञापन

परिवहन निगम के लिए यह आवश्यक होगा कि वह मिडी बसों को बाहर करने से पहले उनके विकल्प के रूप में डिपो को नई बसें उपलब्ध करवाए। ऐसा होने पर ही विभिन्न रूटों पर दी जाने वाली परिवहन सेवाएं सुचारू रूप से चल सकेंगी। राजधानी शिमला के इन तीनों डिपो में सबसे अधिक 35 मिडी बसें शिमला शहरी डिपो के पास हैं, जो स्कूल के समय के अलावा शहर और आसपास के ग्रामीण रूटों पर सेवाएं दे रही हैं। शिमला शहर और इसके साथ लगते ग्रामीण क्षेत्रों के रूटों पर यह मिडी बसें ही दौड़ती हैं। इन बसों के कलपुर्जों (स्पेयर पार्ट्स) की अनुपलब्धता भी इन्हें बाहर किए जाने का एक मुख्य कारण बताया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन



क्षेत्रीय प्रबंधकों की प्रतिक्रिया
शिमला शहरी डिपो के क्षेत्रीय प्रबंधक अंकुर वर्मा ने माना कि उनके डिपो में 35 मिडी बसें हैं, जिनमें से एक खराब है। वहीं शिमला ग्रामीण के क्षेत्रीय प्रबंधक पंकज ठाकुर ने बताया कि उनके डिपो में उपलब्ध 20 मिडी बसों में से दो खराब हैं और बाकी सभी रूटों पर चल रही हैं।दोनों अधिकारियों ने यह भी माना कि इन बसों को तभी हटाया जा सकेगा। इनकी जगह डिपो को नई बसें मिलेंगी, क्योंकि डिपो की परिवहन सेवाएं काफी हद तक इन्हीं बसों पर निर्भर हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article