फोन पर तुड़वाया पत्नी का करवाचौथ व्रत, फिर सर्च ऑपरेशन पर निकल पड़े थे राज कुमार
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सेंट्रल कश्मीर में बडगाम जिले के ड्रांग में आतंकवादियों के साथ हुई मुठभेड़ में सेना के जेसीओ सूबेदार राज कुमार शहीद हो गए हैं। हिमाचल के एक और सपूत ने आतंकियों से लोहा लेते हुए देश के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए हैं।
मुठभेड़ की रात शहीद की धर्मपत्नी तोशी देवी ने करवाचौथ पर अपने पति की लंबी आयु के लिए व्रत रखा हुआ था। लेकिन तोशी ने कभी सोचा भी नहीं होगा कि वह उनका अंतिम करवचौथ व्रत साबित होगा और वह अब कभी अपने पत्नी का चेहरा नहीं देख पाएंगी।
राज कुमार के पत्नी के लिए ये थे अंतिम शब्द
करवाचौथ की रात सुहाग उजड़ने से तोशी देवी सदमे में हैं। तोशी देवी ने अपने पति की लंबी आयु के लिए व्रत रखा हुआ था। रविवार रात 9.30 बजे चांद निकलने पर राजकुमार ने अपनी पत्नी का व्रत फोन पर तुड़वाया और बताया कि वह ड्यूटी पर जा रहा है। अब सुबह ही बात करूंगा।
राज कुमार के पत्नी के लिए अंतिम शब्द थे ‘अब खाना खा लो’। देर रात तीन बजे ही सेना ने फोन पर राज कुमार के शहीद होने की सूचना दी। रविवार को सर्च ऑपरेशन के दौरान आतंकियों से हुई मुठभेड़ में उनके पेट में गोली लग गई। गंभीर हालत में उन्हें नजदीक के अस्पताल ले जाया गया, लेकिन देर रात उन्होंने दम तोड़ दिया।