लव जिहाद पर घिरी सरकार, राष्ट्रपति से शिकायत
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हिमाचल प्रदेश में लव जिहाद, धर्मांतरण और बांग्लादेशी घुसपैठ का विवाद थम नहीं रहा है। सोमवार को विश्व हिंदू परिषद (विहिप) की ओर से राज्यपाल उर्मिला सिंह के माध्यम से राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी को ज्ञापन प्रेषित किया।
साथ ही इस मामले में प्रदेश सरकार से पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई है। विहिप का कहना है कि हिमाचल शांत प्रदेश है, जिसमें लव जिहाद, बांग्लादेशी घुसपैठ और धर्मांतरण जैसी घटनाएं सामने में आ रही हैं। ज्ञापन में मंडी के नेरचौक से लेकर लव जिहाद, ईसाई मिशनरियों सहित सभी मसलों का विस्तार से उल्लेख किया गया।
खुफिया तंत्र पर उठाए सवाल
उधर, धर्मांतरण को लेकर सोलन के कुनिहार में हुए बवाल पर विहिप ने सरकार की घेराबंदी तेज कर दी है। मुख्यमंत्री के लव जिहाद और धर्मांतरण पर जांच के रवैये को गैर जिम्मेदारना करार देते हुए विहिप ने राज्य के खुफिया तंत्र पर सवाल उठाए हैं।
सोमवार को विहिप की क्षेत्रीय संयोजिका दुर्गा वाहिनी रजनी ठुकराल ने कहा कि खुफिया तंत्र सीएम को क्या रिपोर्ट देगा? तंत्र खुद सूचनाओं के लिए विहिप के कार्यकर्ताओं पर निर्भर है। मुख्यमंत्री तक अधूरी सूचनाएं पहुंचाई जा रही हैं।
वह सोमवार को कुनिहार में धर्मांतरण पर हुए बवाल पर विहिप के कार्यकर्ताओं से फीडबैक लेने के बाद पत्रकारों से बातचीत के दौरान बोल रही थी।
सरकार को 15 दिन का अल्टीमेटम
उधर, बजरंग दल के प्रदेश सह संयोजक रूमित सिंह का कहना है कि 15 दिन का अल्टीमेटम सरकार को दिया गया है। अगर जांच नहीं हुई तो प्रदर्शन शुरू होंगे। इस अवसर विश्व हिंदू परिषद के मनोज ठाकुर, भाजयुमो प्रदेश कोषाध्यक्ष विषय ठाकुर, विहिप मंडल उपाध्यक्ष विनित भारद्वाज, राजीव शर्मा, ज्योति जोशी, अजय ठाकुर, रिजुल आदि मौजूद रहे।
जांच करना सरकार का काम
विहिप ने दावा किया है कि प्रदेश में भी धर्मांतरण के लिए लव जिहाद छेड़ा गया है। क्षेत्रीय संयोजिका का कहना है कि 17 से अधिक मामले सामने आ चुके हैं। जितनी जानकारी थी वह सरकार को मुहैया करवाई जा चुकी है। अब जांच करना सरकार का काम है। कई स्थान चिह्नित करवाए जा चुके हैं। केवल कु निहार क्षेत्र के पुलहाड़ा घाटी में ही नहीं, प्रदेश के कई स्थानों में गरीब व भोले भाले लोगों से जबरन धर्मांतरण करवाया जा रहा है।