आखिर ऐसा क्या हुआ कि अपने ही जाल में फंसी कांग्रेस
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हमीरपुर के सुजानपुर विस क्षेत्र में उप चुनाव का ऐलान हो गया है। निर्दलीय विधायक राजेंद्र राणा के इस्तीफे से खाली हुई सुजानपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव अब लोकसभा चुनाव के साथ ही होगा।
इसके लिए अधिसूचना 12 अप्रैल को जारी होगी। मतदान 7 मई को और मतगणना 16 मई को होगी।
चुनाव आयोग ने इसके लिए शुक्रवार को शेडयूल जारी कर दिया है। इस घोषणा के साथ हमीरपुर संसदीय क्षेत्र में चुनावी जंग और रोचक हो गई है। कांग्रेस नहीं चाहती थी कि उपचुनाव लोकसभा चुनाव के साथ हो।
मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने साफ कहा था कि अगर राजेंद्र राणा लोकसभा चुनाव न जीते तो सुजानपुर से कांग्रेस टिकट पर उपचुनाव लड़ेंगे। लेकिन हमीरपुर सीट पर कांग्रेस का यह दांव उलटा पड़ गया।
राणा को लगानी होगी पूरी ताकत
राणा से 14 मार्च को विधायक पद से इस्तीफा ले लिया गया। लेकिन इस्तीफा लेने की इसी जल्दबाजी ने राणा के हाथ से आखिरी लाइफलाइन भी छीन ली।
अब उन्हें पूरी ताकत लोकसभा चुनाव में लगानी होगी। चुनावी विशेषज्ञ कहते हैं कि सरकार चाहती तो आम चुनाव के साथ उपचुनाव से बच सकती थी। लेकिन चूक हो गई।
राजेंद्र राणा ने 12 से 19 अप्रैल के बीच नामांकन भरना है। इससे पहले वह कभी भी इस्तीफा दे सकते थे। लेकिन कांग्रेस ने शर्त लगाकर इस्तीफा मतदान के 57 दिन पहले ले लिया।
जिस दिन इस्तीफा हुआ, उसी दिन इसे स्वीकार कर सीट को भी खाली घोषित कर दिया। रिक्त सीट की सूचना निर्वाचन विभाग को उसी दिन चुनाव आयोग को भेजनी होती है।
यदि इस प्रक्रिया में कुछ वक्त लेकर चुनाव को 32 दिन शेष रहते इस्तीफा मंजूर होता तो भी उपचुनाव लोकसभा के साथ नहीं होता।
14166 वोट से जीते थे राणा
वर्ष 2012 के विधानसभा चुनाव में सुजानपुर सीट से कांग्रेस से अनीता वर्मा और भाजपा से उर्मिल ठाकुर चुनाव लड़ीं थीं। निर्दलीय राजेंद्र राणा यहां उर्मिल ठाकुर से 14166 वोट से जीते थे।
कांग्रेस तीसरे नंबर पर थी। अब उपचुनाव घोषित होते ही कांग्रेस और भाजपा में संभावित प्रत्याशियों पर चर्चा शुरू हो गई है।
भाजपा ने फैसले की तारीफ की
हिमाचल भाजपा ने सुजानपुर उपचुनाव साथ करवाने के फैसले का स्वागत किया है। प्रवक्ता गणेश दत्त ने कहा कि पार्टी ने चुनाव आयोग को भेजे पत्र में यह आग्रह किया था।
इसमें दो तर्क थे। एक तो चुनाव खर्च बचेगा और दूसरा बरसात के मौसम में उपचुनाव पर असर पड़ सकता है। आयोग ने उनकी बात सुनी है।