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तीन सौ करोड़ की जीका फसल विविधिकरण योजना शुरू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Updated Mon, 24 Sep 2018 11:17 AM IST
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प्रदेश सरकार ने कृषकों की आय बढ़ाने के लिए 300 करोड़ की जीका फसल विविधिकरण योजना लागू कर दी है। किसानों को योजना के बारे में जागरूक करने के लिए सरकार की ओर से प्रशिक्षण एवं कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है।
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गौशालाओं को पक्का करने, गौ मूत्र और गोबर एकत्रित करने के लिए गौशालाओं में जरूरी प्रावधान के लिए 80 फीसदी का उपदान उपलब्ध होगा, जबकि अतिरिक्त प्राकृतिक खेती में काम आने वाले आदानों की आपूर्ति के लिए सरकार प्रत्येक गांव में प्राकृतिक संसाधन भंडार खोलने को 50 हजार रुपये तक की सहायता देगी। सरकार ने इस योजना पर इस वर्ष 25 करोड़ रुपये के बजट का प्रावधान किया गया है।
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कृषि यंत्रीकरण कार्यक्रम के तहत किसानों को ट्रैक्टर खरीदने पर 50 प्रतिशत और पावर टिलर खरीदने पर भी 50 प्रतिशत के उपदान का प्रावधान किया गया हैं। कृषि विभाग का कहना है कि प्रदेश में कृषि को बढ़ावा देने और सिंचाई के अंतर्गत और अधिक क्षेत्र लाने के लिए सौर सिंचाई योजना आरंभ की गई है।
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योजना के तहत सौर पंपों से सिंचाई के लिए किसानों को व्यक्तिगत रूप से पंपिंग मशीनरी स्थापित करने को 90 फीसदी तक की आर्थिक सहायता दी जाएगी। मध्यम तथा बड़े वर्ग के किसानों को पंपिंग मशीनरी लगाने के लिए 80 प्रतिशत की आर्थिक सहायता दी जा रही है। वर्ष 2022 तक प्रदेश में किसानों की आय दोगुनी करने के लिए यह योजनाएं शुरू की गई है।