फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   Indresh said- there may be a change in the war boundaries of China and Pakistan which are adjacent to In

Shimla: इंद्रेश बोले- भारत के साथ लगतीं चीन, पाकिस्तान की युद्ध सीमाओं में हो सकता है बदलाव

Mon, 16 Jun 2025 10:55 AM IST
Krishan Singh अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला Published by: Krishan Singh Updated Mon, 16 Jun 2025 10:55 AM IST
सार

 इंद्रेश कुमार ने कहा कि भारत-चीन और भारत-पाकिस्तान युद्ध की सीमा में आने वाले दिनों में बदलाव हो सकता है।

विज्ञापन
Indresh said- there may be a change in the war boundaries of China and Pakistan which are adjacent to In
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के इंद्रेश कुमार। - फोटो : संवाद

विस्तार

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य इंद्रेश कुमार ने कहा कि भारत-चीन और भारत-पाकिस्तान युद्ध की सीमा में आने वाले दिनों में बदलाव हो सकता है। उन्होंने शिमला में पत्रकारवार्ता में ऑपरेशन सिंदूर को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में यह बात कही। उन्होंने कहा कि हो सकता है कि देश की सीमा सौ से डेढ़ सौ किलोमीटर पाकिस्तान के अंदर चली जाए। एक तरफ पाकिस्तान होगा, दूसरी तरफ सामने सिंध, ब्लूचिस्तान, पख्तूनिस्तान, गिलगित, बाल्टिस्तान मिलाकर पीओके होगा। वहां के लोग अपनी आजादी के लिए और भारत में शामिल होने के लिए पाकिस्तान के विरुद्ध लड़ेंगे। उन्होंने कहा कि आज शिमला में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहे हैं, कभी हो सकता है कि लाहौर में करेंगे।

विज्ञापन


पाकिस्तान, चीन और अमेरिका को भय है कि भारत बड़ी तेज गति से यह स्थिति लाएगा कि बॉर्डर ऑफ वार में बदलाव होगा। यह जनता, सरकार और सेना के साथ ही इन इलाकों की भी इच्छा है। उन्होंने कहा कि जो पंजाबी पाकिस्तान बचेगा, वह भी आज की शासन व्यवस्था नहीं चाहता है। पीओके भारत के साथ आना चाहता है, ब्लूचिस्तान आजादी चाहता है। पख्तूनिस्तान का स्पष्ट नहीं है। सिंध स्वतंत्र सिंध के लिए भी है और भारत के साथ जाने को भी तैयार है। इंद्रेश ने कहा कि देश में मजहब, संप्रदायों के नाम पर कहीं न कहीं तनाव आते रहते हैं। इससे निपटने के लिए समाधान का रास्ता यही है कि सभी लोग एक-दूसरे के धर्म, पूजा पद्धति का सम्मान करें और न ही धर्म परिवर्तन हो। सभी लोग एक दूसरे का सम्मान करें।
विज्ञापन


ई-मेल भेजने वाले का आईपी एड्रेस छिपाने के लिए वीपीएन की मदद ली जाती है। वीपीएन के जरिये प्रॉक्सी सर्वर और डार्क वेब का इस्तेमाल कर मेल भेजी जाती है। दिल्ली-एनसीआर के 150 से अधिक स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकियां ईमेल के जरिये वीपीएन की मदद से ही भेजी गई थी। इंडियन एयरलाइंस में बम की धमकी के लिए भी वीपीएन का इस्तेमाल किया गया था। साइबर अपराध के लिए वीपीएन का प्रयोग करना गैरकानूनी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed