फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   India-Oman joint military exercise in Himachal Pradesh from March 6

यहां होगा इंडो-ओमान सेना की ताकत का प्रदर्शन, युद्धाभ्यास शुरू

Mon, 06 Mar 2017 12:18 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, डलहौजी (चंबा)
ब्यूरो/अमर उजाला, डलहौजी (चंबा) Updated Mon, 06 Mar 2017 12:18 PM IST
विज्ञापन
India-Oman joint military exercise in Himachal Pradesh from March 6

भारतीय सेना और रॉयल ओमान आर्मी का संयुक्त युद्धाभ्यास ‘अल नगाह-2’ चंबा के बकलोह में सोमवार से शुरू हो गया है। 19 मार्च तक चलने वाले  युद्धाभ्यास में भारतीय सेना का नेतृत्व नौवीं गोरखा राइफल्स की चौथी बटालियन और ओमान आर्मी की 23 इन्फेंट्री ब्रिगेड कर रही है।

विज्ञापन


दोनों देशों के 60 जवान हिस्सा लेने बकलोह पहुंच गए हैं। इससे पहले प्रारंभिक ओरिएंटेशन और सुरक्षा पर चर्चा हुई। इसमें रॉक क्राफ्ट, स्लिदरिंग, काउंटर टेररिज्म, लो इंटेसिटी कॉन्फ्लिक्ट, टेक्निकल ड्रिल्स के अलावा अन्य अभ्यास होंगे। इसका उद्देश्य दोनों देशों के बीच सैन्य रिश्ते और दक्षता को बढ़ावा देना है। बता दें कि वर्ष 2015 में भी संयुक्त युद्धाभ्यास हो चुका है।

विज्ञापन

रामपुर के नोगली में स्थापित होगी आईटीबीपी की नई बटालियन

India-Oman joint military exercise in Himachal Pradesh from March 6

हिमाचल सरकार ने राजधानी शिमला के नजदीक आईटीबीपी की बटालियन स्थापित करने के लिए जमीन चिह्नित कर ली है। रामपुर बुशहर से लगते नोगली क्षेत्र के कलना में करीब 75 हेक्टेयर जमीन चिह्नित की है जिसे आईटीबीपी को दिया जा सकता है। चूंकि यह जमीन नेशनल हाइवे से लगती हुई है और शिंगला हेलीपैड के नजदीक है, ऐसे में आईटीबीपी के लिए यह मुफीद रहेगी। अब जमीन के अधिग्रहण की प्रक्त्रिस्या चलेगी और उसके बाद आगे की प्रक्त्रिस्या शुरू की जाएगी।

वहीं, मुख्य सचिव वीसी फारका ने भी जमीन चिह्नित किए जाने की पुष्टि की है। दरअसल, चीन के साथ लगती सीमा की सुरक्षा में तैनात आईटीबीपी की बटेलियन तैनात हैं। इन बटालियनों को बैकअप सपोर्ट देने के लिए हिमाचल के निचले इलाकों में बटेलियन स्थापित करने की कवायद की जा रही है।

अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर सुरक्षा पुख्ता करने के लिए आईटीबीपी ने राज्य सरकार ने चीन सीमा के मार्ग पर समीप ही बटालियन के लिए जमीन की मांग की थी। जिसके बाद से सतलुज नदी के आसपास जमीन की तलाश की जा रही थी। जमीन की तलाश कलना आकर रुक गई जहां के लिए आईटीबीपी और सरकार दोनों ही तैयार है। दरअसल, कलना नेशनल हाईवे के नजदीक है और यहां से सीमा की तरफ  जाना आसान है। 

वर्तमान में भारत चीन सीमा के अलावा प्रदेश के सराहन में आईटीबीपी की बटालियन स्थापित है। चूंकि भारत.तिब्बत सीमा पर सुरक्षा का जिम्मा आईटीबीपी के पास है और बार्डर पर कई बटालियन पहले से स्थापित हैं। ऐसे में इन एडवांस बटालियनों के बैकअप में नीचे और बटालियन स्थापित की जा रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed