जेबीटी की तैयारी कर रहे हैं तो पढ़ लें ये खबर
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प्रदेश में चल रहे जेबीटी सस्थानों में छात्रों की फीस बढ़ाने के बारे में सोमवार को सचिवालय में शिक्षा विभाग के अफसरों की अतिरिक्त मुख्य सचिव (शिक्षा) पीसी धीमान के साथ बैठक हुई। बैठक में प्रस्ताव रखा गया कि बीते दो साल से जेबीटी शिक्षण संस्थान में फीस नहीं बढ़ी है, जबकि बीएड संस्थानों में दो साल से छात्रों की फीस में बढ़ोतरी नहीं हुई है। अब सरकार फीस बढ़ाने पर विचार कर रही है।
हिमाचल मे जेबीटी के कोर्स दो साल का है। यह कोर्स सरकारी और निजी संस्थानों में कराए जा रहे हैं। हिमाचल में इन शिक्षण संस्थानों की संख्या 28 के करीब है। इसमें 18 निजी जेबीटी शिक्षण संस्थान है। जेबीटी शिक्षण संस्थान में छात्रों की ट्यूशन फीस 15 हजार रुपये से लेकर 25 हजार रुपये तक की है। यह फीस बीते दो साल से ली जा रही है, सरकार ने अभी तक इस फीस को रिवाइज नहीं किया है।
प्रवेश लेने के लिए मर्जी से करा दिए एग्जाम
निजी शिक्षण संस्थान प्रदेश सरकार ने फीस बढ़ाने पर दबाव बना रही है, इसके चलते यह मामला एसीएस के ध्यान में लाया गया है। इधर, अतिरिक्त मुख्य सचिव पीसी धीमान ने कहा कि जेबीटी शिक्षण संस्थान में ट्यूशन की फीस बढ़ाने का मामला मंत्रिमंडल की बैठक में जाएगा। सरकार इस पर निर्णय लेगी।
प्रदेश में निजी विश्वविद्यालय अपनी स्तर पर छात्रों के प्रवेश के लिए एग्जाम करा रही है। सरकार का तर्क है कि निजी विश्वविद्यालय अपनी मर्जी से कोई निर्णय नहीं ले सकती है। सरकार ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए सोमवार को एसीएस शिक्षा पीसी धीमान की अध्यक्षता में बैठक हुई, इसमें नियमों के बारे में विस्तृत चर्चा की गई। सरकार दो दिन के भीतर इस मामले में अपनी स्थिति स्पष्ट करेगा।