फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   HP Assembly winter Session: mukesh agnihotri said Govt will conduct intensive investigation of all drug de-add

HP Assembly winter Session: मुकेश बोले- प्रदेश में नशा मुक्ति केंद्रों का कच्चा चिट्ठा खोलेगी सरकार

Thu, 21 Dec 2023 08:05 PM IST
Krishan Singh अमर उजाला ब्यूरो, तपोवन (धर्मशाला)
अमर उजाला ब्यूरो, तपोवन (धर्मशाला) Published by: Krishan Singh Updated Thu, 21 Dec 2023 08:05 PM IST
सार

प्राइवेट मेंबर्स डे पर विधायक सुखराम चौधरी और कुलदीप राठौर के संकल्प पर चली लंबी चर्चा के दौरान पक्ष-विपक्ष के सदस्यों ने चिट्टे से भयावह होती स्थिति पर ध्यान आकर्षित किया। 

विज्ञापन
HP Assembly winter Session: mukesh agnihotri said Govt will conduct intensive investigation of all drug de-add
उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

 हिमाचल प्रदेश में नशे खासकर चिट्टे के बढ़ते कारोबार पर गुरुवार को पूरा सदन चिंतित दिखा। प्राइवेट मेंबर्स डे पर विधायक सुखराम चौधरी और कुलदीप राठौर के संकल्प पर चली लंबी चर्चा के दौरान पक्ष-विपक्ष के सदस्यों ने चिट्टे से भयावह होती स्थिति पर ध्यान आकर्षित किया। दलगत राजनीति से ऊपर उठकर तत्काल प्रभावी कदम उठाने की भी पैरवी की। संकल्प को ध्वनिमत से पारित किया गया। चर्चा का जवाब देते हुए उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि हिमाचल में 90 नशा मुक्ति केंद्र संचालित हो रहे हैं। इन सभी केंद्रों का कच्चा चिट्ठा सरकार तैयार करेगी। कहा कि एक महीने के भीतर सरकार नशा मुक्ति केंद्रों की गहन जांच करवाएगी। जांच पर आधारित विस्तृत रिपोर्ट बजट सत्र में सदन में पेश की जाएगी। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि सूचनाएं मिल रहीं हैं कि प्रदेश में चल रहे कई नशा मुक्ति केंद्र नशे का अड्डा बने हुए हैं। सरकार पता लगाएगी कि कौन लोग इन केंद्रों को चला रहे हैं और इनमें क्या कुछ चल रहा है। उन्होंने कहा कि एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स में विशेष तौर पर 500 और जवानों की तैनाती की जाएगी। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि चर्चा पूरी तरह से चिट्टे पर केंद्रित होकर रह गई। साफ है कि प्रदेश में चिट्टे के बढ़ते कारोबार और इसके दुष्प्रभावों से पूरा सदन चिंतित है।

विज्ञापन


चिट्टे से अभी तक प्रदेश में सिर्फ 5 मौतें ही रिकाॅर्ड में दर्ज हुईं हैं। लेकिन, सच्चाई क्या है, यह सबको पता है। एक साल में 14 किलो चिट्टा पुलिस बरामद कर चुकी है। अंदाजा लगाया जा सकता है कि इसका इस्तेमाल किस हद तक बढ़ गया है। दलगत राजनीति से हटकर चिट्टा के खिलाफ एकजुट होकर दृढ़ इच्छा शक्ति दिखानी होगी। प्रदेश के युवाओं को चिट्टे से बचाने की चुनौती से भी निपटना होगा। उपमुख्यमंत्री ने सभी विधायकों से यह संकल्प लेने का आग्रह किया कि वे नशे के किसी भी आरोपी को बचाने के लिए किसी प्रकार का प्रयास नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि चिट्टा सप्लाई की अंतरराष्ट्रीय साजिश और चेन है, जो सीमांत इलाकों से होकर अब प्रदेश के दुर्गम/जनजातीय क्षेत्रों तक पहुंच गई है।
विज्ञापन


इसे रोकने के लिए केंद्र सरकार कानून को सख्त कर नशे के कारोबार को गैरजमानती अपराध बनाए, चाहे कितनी भी मात्रा में नशा पकड़ा जाए। चिट्टे के सेवन से मौत पर धारा 302 के तहत हत्या का केस दर्ज हो। नशा तस्करों की संपत्ति जब्त हो। अग्निहोत्री ने कहा कि प्रदेश विधानसभा के केंद्र सरकार को भेजे इस प्रस्ताव को मंजूरी दिलवाने में भाजपा सहयोग करे व केंद्र में अपनी सरकार से यह मामला उठाए। केंद्र सरकार हिमाचल में भी नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो का दफ्तर खोले। सरकार ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को नशा तस्करों की 30 करोड़ की संपत्ति जब्त करने के मामले भेजे हैं, उन पर जल्द निर्णय हो। नशा तस्करी के मामलों में 14 करोड़ की अन्य संपत्तियों की वित्तीय जांच भी केंद्र स्तर पर लंबित है।
विज्ञापन
विज्ञापन


रस्म अदायगी तक सीमित न हो चर्चा : जयराम
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि नशे के मुद्दे पर हर सत्र में चर्चा होती है। यह सिर्फ रस्म अदायगी तक ही सीमित न हो। शिक्षण संस्थान नशा कारोबारियों के निशाने पर हैं। अकूत दौलत कमा रहे नशा तस्करों की संपत्ति जब्त हो। नशे के आदी युवाओं का सरकार पुनर्वास भी करे। सख्त कार्रवाई और जागरूकता के दोनों मोर्चों को साथ लेकर व्यापक अभियान छेड़ा जाए।

एक अघोषित युद्ध की तरह पाक से आ रहा नशा : राठौर
गैरसरकारी सदस्य दिवस पर पांवटा के भाजपा विधायक सुखराम चौधरी और ठियोग के कांग्रेस विधायक कुलदीप सिंह राठौर ने प्रदेश में बढ़ते नशे के कारोबार, प्रदेश की सीमाओं पर इसकी रोकथाम और कानून को सुदृढ़ करने के लिए नीति बनाने का संकल्प प्रस्ताव प्रस्तुत किया। ठियोग के विधायक कुलदीप सिंह राठौर ने कहा कि नशा पाकिस्तान सीमा और दिल्ली से भी आ रहा है। दिल्ली में प्रधानमंत्री और गृह मंत्री हैं, फिर भी इसे वहां नहीं रोका जा रहा। केंद्र सरकार की भी इस पर अंकुश लगाने में मदद होनी चाहिए। पाकिस्तान से आने वाले नशे पर तो अंकुश लगा रहे हैं। यह अघोषित युद्ध है। हमारे युवाओं का सेना में बहुत योगदान है। पर क्या जिस तरह से नशे की चपेट में युवा आ रहे हैं। वे क्या आने वाले समय में सेना में जाने की स्थिति में होंगे। यह एक साजिश भी हो सकती है कि हिमाचल के युवाओं को खोखला कर दो। जो विदेशों से युवा यहां आते हैं। उन पर पर सख्ती होनी चाहिए।  गुरुवार को सदन में राठौर ने कहा कि 23 अक्तूबर को एनआईटी हमीरपुर में एक छात्र की नशे की ओवरडोज से मृत्यु हो गई। ऐसी बहुत सी घटनाएं रिपोर्ट नहीं हो रही हैं।

अब दूरदराज के इलाकों तक नशे का कारोबार हो रहा है। छोटे-छोटे लोगों को पकड़ा जा रहा है। बड़ी मछलियों को पकड़ा जाना चाहिए। अलग से टास्क फोर्स बननी चाहिए। पांवटा के विधायक सुखराम चौधरी ने कहा कि नशे से परिवार बर्बाद हो रहे हैं। शैक्षणिक संस्थानों के निकट ढाबों, परचून की दुकानों आदि पर विशेष नजर रखे जाने की जरूरत है। पुलिस विभाग के कर्मचारी भी इसमें शामिल होते हैं, तो उन पर कार्रवाई होनी चाहिए। जिला सिरमौर के दर्जनों नौजवान नशामुक्ति केंद्र में इलाज करवा रहे हैं। कई बार मात्रा कम होने पर जमानत हो जाती है। कोई भी व्यक्ति इस कारोबार में संलिप्त हैं, उस पर कार्रवाई होनी चाहिए। बहुत से लोग रातोंरात अमीर बनने के चक्कर में नशे के कारोबार में फंस रहे हैं।

सीमावर्ती क्षेत्रों पर अच्छे अधिकारी नियुक्त हों : सत्ती
ऊना के भाजपा विधायक सतपाल सिंह सत्ती ने कहा कि कई बार नेता भी नशे को प्रश्रय देते हैं। जिनके पास कोई काम नहीं है, ऐसे युवा चपेट में आ रहे हैं। जिनको गुस्सा आता हो, ऐसे अधिकारी होने चाहिए। जिसे गुस्सा न आता हो, वे किसी काम के नहीं हैं। सीमावर्ती क्षेत्रों पर अच्छे अधिकारी नियुक्त होने चाहिए। नशे के तस्करों को जेलों में डाला जाना चाहिए। सरकार कम से कम रोटियां तो खिला ही सकती है। जेल में चिट्टा तो नहीं लेंगे। देश की युवा पीढ़ी नशे में पड़ गई तो तबाही हो जाएगी। आज पंजाब के लोग या तो विदेश में हैं या नशे में फंस गए हैं।

Trending Videos

धर्मपुर-रोहड़ू बस से 2.28 करोड़ का नुकसान
धर्मशाला। धर्मपुर-रोहड़ू रूट पर बस चलाने से एचआरटीसी को सालाना 2.28 करोड़ नुकसान हो रहा था, इसलिए यह बस सेवा बंद कर दी गई है। कोटला दिल्ली वाया लंज रानीताल बस से 1.56 करोड़ सालाना नुकसान हो रहा था। नुकसान के चलते 15 नवंबर 2023 तक एचआरटीसी ने प्रदेश में 16 रूटों पर बस सेवाएं बंद की हैं। एचआरटीसी के प्रदेश में सिर्फ 229 रूट फायदे में हैं, जबकि 3582 रूट घाटे में हैं। देहरा से विधायक होशियार सिंह के प्रश्न के उत्तर में यह जानकारी उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने दी।

मंत्रिमंडल ने नहीं दी एमओयू को मंजूरी
 पर्वतमाला योजना के तहत बनने वाले बिजली महादेव रोपवे प्रोजेक्ट के लिए केंद्र सरकार की ओर से राज्य सरकार को स्वीकृति के लिए भेजे गए एमओयू में पूर्ण स्वामित्व और प्रोजेक्ट के लिए भूमि निशुल्क उपलब्ध करवाने की शर्त रखी है। कहा है कि मुनाफे में प्रदेश को कोई हिस्सा नहीं दिया जाएगा। संवेदनशील विषय होने के चलते इस विषय को 11 अक्तूबर को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में रखा गया था, जिसमें इसे मंजूरी न देने का फैसला हुआ है। बंजार से विधायक सुरेंद्र शौरी के प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी उपमुख्यमंत्री ने दी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed