Himachal Weather: रोहतांग और जलोड़ी दर्रा में दूसरे दिन भी हुई बर्फबारी, शिमला-कांगड़ा में बारिश
अटल टनल रोहतांग के पास सुबह 4 इंच ताजा बर्फबारी हुई है। सोलंग बैरियर से सिस्सू की ओर सिर्फ फोर बाई फोर वाहनों को ही भेजा जा रहा है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हिमाचल प्रदेश में लगातार दूसरे दिन भी बारिश और बर्फबारी का दौर जारी रहा। शनिवार को रोहतांग, बारालाचा, शिंकुला और जलोड़ी दर्रा में बर्फबारी जारी रही। राजधानी शिमला सहित धर्मशाला, कांगड़ा, डलहौजी, मनाली में बारिश हुई। हिमाचल प्रदेश में रविवार को भी बारिश और बर्फबारी के आसार हैं। सोमवार और मंगलवार के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। पांच अप्रैल तक प्रदेश में मौसम खराब बना रहने का पूर्वानुमान है।
ऊंचाई वाले क्षेत्रों में जारी बर्फबारी के चलते शनिवार को भी अटल टनल रोहतांग होकर सामान्य वाहनों की आवाजाही बंद रही। टनल से सिर्फ फोर वाई फोर वाहनों को ही भेजा गया। सैलानियों को नॉर्थ पोर्टल और पर्यटन स्थल सिस्सू तक ही जाने दिया गया। उदयपुर-पांगी और मनाली-लेह मार्ग शनिवार को यातायात के लिए बंद रहा। किन्नौर जिले की ऊंची चोटियों में भी बर्फबारी जारी रही। रामपुर में ज्यूरी-सराहन सड़क पर सुबह करीब 4:30 बजे भारी चट्टानें गिर गईं। इसकी चपेट में आकर सड़क किनारे खड़ी एक कार आकर चकनाचूर हो गई है।
मार्ग करीब 10 घंटे बंद रहा। जिला चंबा में मूसलाधार बारिश से कानूनगो भवन सलूणी क्षतिग्रस्त हो गया है। जिला कांगड़ा में शनिवार को भी पहाड़ों में बर्फबारी के साथ दिनभर रिमझिम बारिश का दौर जारी रहा। शनिवार को गगल एयरपोर्ट में सभी विमानों ने उड़ानें भरी। बारिश से खेतों में पानी इकट्ठा हो गया है। इससे आने वाले समय में फसलों के पीले पड़ने के आसार हैं। राजधानी शिमला में भी शनिवार को दिन बारिश का दौर जारी रहा। मैदानी जिलों में बादल छाए रहने के साथ हल्की धूप खिली।
अधिकतम तापमान डिग्री सेल्सियस में
धौलाकुआं 24.7
ऊना 22.6
नाहन 21.7
हमीरपुर 21.3
बिलासपुर 21.0
मंडी 20.6
सोलन 19.0
कांगड़ा 17.2
धर्मशाला 14.0
शिमला 12.0
बारिश मिलीमीटर में
सोलन 42
पच्छाद 40
धर्मशाला 38
नाहन 37
शिमला 31
मनाली 30
कांगड़ा 25
27 से 31 मार्च तक सामान्य से 37 फीसदी अधिक बरसे बादल
प्रदेश में 27 से 31 मार्च तक सामान्य से 37 फीसदी अधिक बादल बरसे। इस दौरान 27.2 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड हुई। इस अवधि में 19.8 मिलीमीटर बारिश को सामान्य माना गया है। किन्नौर और लाहौल-स्पीति जिला को छोड़कर प्रदेश के अन्य सभी जिलों में इस दौरान सामान्य से अधिक बारिश हुई।
उधर, मार्च के दौरान प्रदेश में सामान्य से 42 फीसदी कम बारिश दर्ज हुई। मार्च में 66.3 मिलीमीटर बारिश हुई। 113.4 मिलीमीटर बारिश को इस दौरान सामान्य बारिश माना गया है। मार्च में चंबा, किन्नौर, कुल्लू, लाहौल-स्पीति जिला में सामान्य से कम बारिश दर्ज हुई।