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हिमाचल: छात्रवृत्ति के लिए सख्त हुए नियम, अब आधार प्रमाणीकरण जरूरी
Sat, 21 Aug 2021 02:07 AM IST
Krishan Singh
अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Sat, 21 Aug 2021 02:07 AM IST
सार
एनएसपी भविष्य में सभी संचार और ओटीपी भेजने के लिए एक ही मोबाइल नंबर का उपयोग करेगा। आईएनओ का एनएसपी लॉगइन, आईएनओ के आधार नंबर का उपयोग करके एनएसपी में केवाईसी के पूरा होने के बाद परिचालन में होगा।
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- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
छात्रवृत्ति घोटाला सामने आने के बाद प्रदेश सरकार ने आवेदन के लिए नियम सख्त कर दिए हैं। आवेदनों को सत्यापित करने की प्रक्रिया बदल दी गई है। अब सत्यापन करने वाले अधिकारियों का आधार प्रमाणीकरण अनिवार्य होगा। केंद्र, प्रदेश और अल्पसंख्यक प्रायोजित छात्रवृत्ति योजना के लिए राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल scholarships.gov.in खुलने जा रहा है।
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आवेदन और आवेदन पत्र ऑनलाइन जमा करने के लिए राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल संस्थान, जिला नोडल अधिकारियों (आईएनओ, डीएनओ) की ओर से आवेदनों के सत्यापन से पहले उनके आधार आधारित जनसांख्यिकीय प्रमाणीकरण को अनिवार्य कर दिया गया है।
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जिसके लिए आईएनओ, डीएनओ को एनएसपी पोर्टल पर अपना आधार नंबर प्रदान करना होगा। एल-1 और एल-2 स्तर के अधिकारियों के आधार आधारित प्रमाणीकरण की सुविधा को एनएसपी पोर्टल पर लाइव कर दिया गया है। प्रक्रिया के दौरान जारी ओटीपी को आईएनओ, डीएनओ, एसएनओ के आधार नंबर के साथ पंजीकृत मोबाइल नंबर पर भेजा जाएगा।
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एनएसपी भविष्य में सभी संचार और ओटीपी भेजने के लिए एक ही मोबाइल नंबर का उपयोग करेगा। आईएनओ का एनएसपी लॉगइन, आईएनओ के आधार नंबर का उपयोग करके एनएसपी में केवाईसी के पूरा होने के बाद परिचालन में होगा।
उन्होंने कहा कि एनएसपी पोर्टल पर आधार में दिए गए लाभार्थी छात्रों के नाम, लिंग और जन्म के वर्ष के आधार पर जनसांख्यिकीय प्रमाणीकरण की सुविधा शुरू की गई है। उन्होंने सभी संस्थानों, स्कूलों, कॉलेजों, विश्वविद्यालयों के सभी प्रमुखों, उच्च शिक्षा के उपनिदेशकों को इन निर्णयों पर उचित कार्रवाई शुरू करने का आग्रह किया।