उपलब्धि: हिमाचल के नीरव कौशल को अमेरिका की कंपनी में मिला सालाना 1.40 करोड़ का पैकेज
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हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के उपमंडल फतेहपुर के गांव पधेड़ के सेवानिवृत्त ऑनरेरी कैप्टन दौलत कौशल और नेहा कौशल के बेटे नीरव कौशल अमेरिकन कोविड वैक्सीन निर्माता मॉडर्ना बायोटेक की मूल कंपनी फ्लैगशिप पायनियरिंग में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस साइंटिस्ट के पद पर चयनित हुए हैं। नीरव शर्मा प्रभावशाली दवा खोज चुनौतियों के लिए नवीन समाधान विकसित करने के लिए कृत्रिम बुद्धिमता (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) सक्षम अत्याधुनिक रिसर्च का संचालन करेंगे। जो मानव रोग और स्वास्थ्य सेवा के प्रमुख मुद्दों पर केंद्रित होगा। नीरव ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा ग्रेट वे वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला राजा का तालाब से की है।
वहीं नॉन-मेडिकल संकाय में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला राजा का तालाब से 12वीं कक्षाा की परीक्षा पास की। उन्होंने वजीर राम सिंह कॉलेज देहरी से बीएससी की डिग्री हासिल की। इसके बाद उन्होंने पंजाब यूनिवर्सिटी चंडीगढ़ से एमएससी फिजिक्स और अमेरिका की मिशिगन टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी से एप्लाइड फिजिक्स में पीएचडी की डिग्री उत्तीर्ण की। अब नीरव बॉस्टन आधारित बायोटेक में साइंटिस्ट का पदभार संभालेंगे। उन्हें अमेरिका में 1 करोड़ 40 लाख रुपये का सालाना वेतन और अन्य सुविधाएं मिलेंगी।