फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Himachal Kisan Sabha will oppose BJP in byelections

फैसला: उपचुनाव में भाजपा की खिलाफत करेगी हिमाचल किसान सभा

Sat, 09 Oct 2021 05:43 PM IST
Krishan Singh अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
अमर उजाला नेटवर्क, शिमला Published by: Krishan Singh Updated Sat, 09 Oct 2021 05:43 PM IST
सार

 हिमाचल किसान सभा के राज्य अध्यक्ष डॉ. कुलदीप सिंह तंवर ने कहा कि केंद्र और राज्य की भाजपा की डबल इंजन की सरकार ने आम आदमी और किसानों पर डबल मार की है।  महंगाई चरम पर है। अन्नदाता को अपने उत्पाद के उचित दाम नहीं मिल रहे हैं। 

विज्ञापन
Himachal Kisan Sabha will oppose BJP in byelections
हिमाचल किसान सभा के राज्य अध्यक्ष डॉ. कुलदीप सिंह तंवर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

किसानों के प्रति केंद्र और राज्य सरकार की बेरुखी और किसान विरोधी नीतियां लागू करने से खफा हिमाचल किसान सभा ने उपचुनाव में सरकार का विरोध करने का फैसला लिया है। हिमाचल किसान सभा के राज्य अध्यक्ष डॉ. कुलदीप सिंह तंवर ने कहा कि केंद्र और राज्य की भाजपा की डबल इंजन की सरकार ने आम आदमी और किसानों पर डबल मार की है। महंगाई चरम पर है। अन्नदाता को अपने उत्पाद के उचित दाम नहीं मिल रहे हैं। डॉ. तंवर ने कहा कि केंद्र सरकार कृषि कानूनों के जरिये किसानों की जमीन को पूंजीपतियों के हवाले करने की साजिश रच रही है।

विज्ञापन


प्रदेश सरकार की बेरुखी से किसानों पर चौतरफा मार पड़ रही है। प्रदेश में जहां उपचुनाव हो रहे हैं, वहां सभी जगह किसानों-बागवानों और सब्जी उत्पादकों की फसलें बुरी तरह से पिटी हैं। सेब सीजन के दौरान सरकार ने बागवानों की खिल्ली उड़ाई है। जुब्बल-कोटखाई में बागवानों को सेब का उचित दाम नहीं मिला। प्रदेश के 45 खंडों में सेब पैदा होता है।  शिमला जिले के जुब्बल-कोटखाई खंड में सेब का सबसे ज्यादा उत्पादन किया जाता है। इस बार प्राकृतिक आपदा के साथ फल मंडी में पड़ी मार से बागवानों को सेब की उत्पादन लागत तक वापस नहीं आई।
विज्ञापन


फतेहपुर के मंड क्षेत्र के किसानों की खरीद केंद्र की समस्या अभी भी बरकरार है। अर्की के सब्जी उत्पादक भी मंडी की मार से अछूते नहीं रहे। इस बार टमाटर की दुर्दशा हुई है। सौ रुपये से लेकर डेढ़ सौ रुपये तक भी टमाटर की क्रेट बिकी। मंडी संसदीय क्षेत्र में सेब, सब्जी, मक्की जैसे सभी उत्पादों पर मार तो पड़ी साथ ही फोरलेन से प्रभावित लोग भी लंबे समय से अपनी मांग को लेकर संघर्षरत हैं। बल्ह क्षेत्र की उपजाऊ जमीन को प्रदेश और केंद्र सरकार हवाई अड्डे के लिए अधिग्रहण करने पर उतारू है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed