वीरभद्र बनाम मोदी जंग, कांग्रेस मिशन रिपीट और भाजपा का ये टारगेट
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हिमाचल में आदर्श आचार संहिता लागू होते ही चुनावी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। एक तरफ कांग्रेस मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के चेहरे पर विधानसभा चुनाव लड़ने जा रही है, दूसरी ओर भाजपा ने सीएम पद के लिए प्रत्याशी को लेकर अभी तक अपने पत्ते नहीं खोले हैं।
माना जा रहा है कि भाजपा सामूहिक रूप से चुनाव मैदान में उतरेगी। ऐसे में भाजपा का चेहरा हिमाचल में भी मोदी होंगे। ऐसे में विस चुनाव मोदी बनाम वीरभद्र पर केंद्रित होगा। कांग्रेस हिमाचल में मिशन रिपीट का लक्ष्य लेकर चल रही है तो भाजपा ने 50 प्लस का टारगेट रखा है।
हिमाचल में विधानसभा चुनाव का एलान होते ही अब प्रदेश में टिकट आवंटन को लेकर घमासान मच सकता है। भाजपा और कांग्रेस दोनों दलों के लिए टिकट न मिलने से नाराज प्रत्याशियों को मनाना भी चुनौती से कम नहीं होगा।
हालांकि, भाजपा की बीते दिन हुई चुनाव समिति की बैठक में प्रदेशाध्यक्ष ने साफ किया है कि पार्टी में बगावत को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मोदी, राहुल कर चुके हैं रैलियां
उन्होंने यहां तक कहा है कि अगर कोई बगावत करता है तो उसे पार्टी से ही बाहर कर दिया जाएगा। भविष्य में भी उसके लिए पार्टी के दरवाजे बंद होने की बात कही है।
वहीं, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू भी यह साफ कर चुके हैं कि पार्टी टिकट का फैसला हाईकमान ही करेगा। उन्होंने ये भी कहा था कि टिकट जिस किसी को भी मिले, अन्य कार्यकर्ता उसका पूरा समर्थन करें, जिससे मिशन रिपीट को कामयाब बनाया जा सके।
हिमाचल में विस चुनाव की घोषणा से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कांग्रेस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रैलियां कर चुके हैं। अब जबकि चुनाव का एलान हो गया है तो भाजपा-कांग्रेस में स्टार वार भी शुरू होगा।
भाजपा से मोदी, शाह और कांग्रेस से राहुल, सोनिया आएंगी हिमाचल
हिमाचल में विधानसभा चुनाव का डंका बज चुका है। प्रदेश कांग्रेस पार्टी की ओर से राष्ट्रीय अध्यक्षा सोनिया गांधी और उपाध्यक्ष राहुल गांधी, जबकि भाजपा की ओर से प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह हिमाचल आकर चुनावी रैलियां करेंगे।