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Shimla News: राजकीय महाविद्यालय धामी में ग्रीन और एनर्जी पॉलिसी लागू
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जल संरक्षण, ऊर्जा दक्षता और सौर ऊर्जा पर जोर
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। राजकीय महाविद्यालय धामी में ग्रीन और एनर्जी पॉलिसी औपचारिक रूप से लागू कर दी गई है। प्राचार्य डॉ. दिनेश सिंह कंवर ने महाविद्यालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम में दोनों नीतियों की घोषणा की। कार्यक्रम में प्राध्यापक, कर्मचारी और छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। नई नीतियों के तहत जल प्रबंधन को सुदृढ़ बनाने, हरित क्षेत्र के संरक्षण और विस्तार, सतत परिवहन को प्रोत्साहन तथा पर्यावरण जागरूकता कार्यक्रम चलाने का निर्णय लिया गया। ऊर्जा उपभोग की नियमित निगरानी और समीक्षा की जाएगी। एलईडी प्रकाश व्यवस्था तथा ऊर्जा कुशल उपकरणों के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा। महाविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि उपयोग में न होने पर विद्युत उपकरण बंद रखने को अनिवार्य आदत बनाने के लिए जागरूकता अभियान चलाए जाएंगे। सोलर पैनल सहित नवीकरणीय ऊर्जा प्रणालियों की स्थापना की संभावनाओं का भी आकलन किया जाएगा। प्राचार्य ने कहा कि नीति का उद्देश्य परिसर को पर्यावरण अनुकूल बनाना और ऊर्जा व्यय में कमी लाना है। प्रशासन ने इसे संस्थान स्तर पर पर्यावरण संरक्षण की दिशा में ठोस कदम बताया है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। राजकीय महाविद्यालय धामी में ग्रीन और एनर्जी पॉलिसी औपचारिक रूप से लागू कर दी गई है। प्राचार्य डॉ. दिनेश सिंह कंवर ने महाविद्यालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम में दोनों नीतियों की घोषणा की। कार्यक्रम में प्राध्यापक, कर्मचारी और छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। नई नीतियों के तहत जल प्रबंधन को सुदृढ़ बनाने, हरित क्षेत्र के संरक्षण और विस्तार, सतत परिवहन को प्रोत्साहन तथा पर्यावरण जागरूकता कार्यक्रम चलाने का निर्णय लिया गया। ऊर्जा उपभोग की नियमित निगरानी और समीक्षा की जाएगी। एलईडी प्रकाश व्यवस्था तथा ऊर्जा कुशल उपकरणों के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा। महाविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि उपयोग में न होने पर विद्युत उपकरण बंद रखने को अनिवार्य आदत बनाने के लिए जागरूकता अभियान चलाए जाएंगे। सोलर पैनल सहित नवीकरणीय ऊर्जा प्रणालियों की स्थापना की संभावनाओं का भी आकलन किया जाएगा। प्राचार्य ने कहा कि नीति का उद्देश्य परिसर को पर्यावरण अनुकूल बनाना और ऊर्जा व्यय में कमी लाना है। प्रशासन ने इसे संस्थान स्तर पर पर्यावरण संरक्षण की दिशा में ठोस कदम बताया है।