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खराब मौसम ने रोकी राज्यपाल के हेलीकॉप्टर की उड़ान, दौरा टला
ब्यूरो/अमर उजाला, रामपुर बुशहर
Updated Thu, 31 Aug 2017 08:54 AM IST
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राज्यपाल आचार्य देवव्रत के हेलीकॉप्टर की खराब मौसम ने उड़ान रोक दी और बुधवार दोपहर बाद 12:30 बजे हेलीकॉप्टर की लैंडिंग रामपुर के शिंगला हेलीपैड पर करानी पड़ी। राज्यपाल जनजातीय जिला लाहौल स्पीति के काजा में एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने जा रहे थे।
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मौसम विभाग की दो से तीन दिन तक मौसम खराब होने की सूचना मिलते ही राज्यपाल का दौरा अचानक रद्द करना पड़ा। राज्यपाल को सीधे रामपुर लोक निर्माण विभाग के सर्किट हाउस में लाया गया। यहां पर उन्होंने दोपहर का भोजन किया। राज्यपाल ने बताया कि वे लाहौल स्पीति के काजा में डॉ. वाईएस परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी और एक एनजीओ के कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए जा रहे थे।
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हेलीकॉप्टर के पायलट ने जब कहा कि आगे मौमम खराब है और घने बादल छाए हुए हैं तो लैंडिंग करनी पड़ी। राज्यपाल काजा में जीरो बजट खेती विषय पर आयोजित होने वाले कार्यक्रम में हिस्सा लेने जा रहे थे। आज ही उनको काजा से वापस शिमला भी जाना था। उनका कहना है कि मौसम खराब होने से हेलीकॉप्टर की लैंडिंग के कारण उनको रामपुर आना पड़ा। बाद में वे शिमला के लिए रवाना हो गए हैं।
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राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने कहा कि किसान जीरो बजट ऑर्गेनिक खेती को अपनाने के लिए आगे आएं। किसान खुद समर्थवान हैं। वे तो दूसरों को मेहनत कर फसलें देते हैं। किसान बिना कोई धनराशि खर्चे जैविक खेती कर सकते हैं। ऐसा करने से कीटनाशकों और यूरिया के दुष्प्रभाव वाली फसलों से छुटकारा मिलेगा। इससे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का वर्ष 2022 तक देश में फसल उत्पादन दोगुना करने का लक्ष्य भी पूरा होगा।
सर्किट हाउस में पत्रकारों से बातचीत में राज्यपाल ने कहा कि किसानों को देसी गायों के गोबर और गौ मूत्र का प्रयोग कीटनाशकों और खाद के रूप में करना चाहिए। गौ मूत्र के साथ जहरीले पौधों खासकर नीम का प्रयोग कर फसलों की गुणवत्ता को बनाकर रखा जा सकता है।
कहा कि प्रदेश के किसान देसी गौ मूत्र और गोबर का उपयोग कर फसलों की पैदावार गुणवत्ता वाली ले सकते हैं। एक गाय का गोबर और गौ मूत्र एक एकड़ यानी पांच बीघा जमीन की खेती के लिए उपयुक्त रहता है। महीने में तीस एकड़ भूमि की जरूरत को पूरा किया जा सकता है। बड़ी कंपनियां ऑर्गेनिग फार्मिंग से फसलें तैयार करने के नाम पर मोटी कमाई कर रही हैं। किसान भी जैविक खेती से मोटा मुनाफा कमा सकते हैं।
सरकार को भेजते हैं सभी चार्जशीटें: राज्यपाल
राज्यपाल के पास सरकार के खिलाफ विपक्ष के नेता चार्जशीट देते हैं तो उस पर राजभवन से क्या कार्रवाई होती है? इस सवाल पर आचार्य देवव्रत बोले - राज्यपाल को विपक्ष की ओर से चार्जशीट सौंपी जाती है तो उसे कार्रवाई करने के लिए सरकार के पास भेजा जाता है।
इसके बाद सरकार को ही उस पर कार्रवाई करनी होती है। जनजातीय जिला किन्नौर में नौतोड़ के साढ़े छह हजार मामले लंबित हैं, जबकि मंजूरी काफी कम मामलों को दी गई है? इस सवाल पर राज्यपाल ने कहा कि कि सरकार की ओर से जो अधिसूचना आती है, उसे ही मंजूर किया जाता है। अधिसूचना जारी करने में सरकार की भूमिका रहती है।