जिस बेटी के मिलने की परिजन खो चुके थे उम्मीद, वह 11 साल बाद इस हाल में मिली
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जिस बेटी के मिलने की परिजन उम्मीद खो चुके थे , वह 11 साल बाद इस हाल में मिली। मामला साल 2007 का है जब पानीपत से एक लड़की लापता हो गई। तब उसकी उम्र महज चार साल थी।
परिजन अपनी लाड़ली की नाते-रिश्तेदारों से लेकर हर जगह तलाश करते रहे, लेकिन उसके बारे में कोई पता नहीं चला। अब 11 साल बाद लड़की टूटीकंडी वालिका आश्रम शिमला में मिली। पुलिस लड़की के माता-पिता को लेकर टूटीकंडी पहुंची।
जिस बेटी के मिलने की परिजन उम्मीद ही खो चुके थे, उसे आंखों के सामने देखकर वे खुशी से फूले नहीं समाए। परिजन बेटी को साथ लेकर चले गए हैं। लड़की के पिता पानीपत में एक फैक्ट्री में काम करते हैं।
पिता सोमदत्त ने लड़की को ढूंढने के लिए क्राइम ब्रांच की टीम का आभार जताया है। 4 साल की उम्र में गायब हुई पूजा अब 15 साल की हो चुकी है और 11 वीं कक्षा में पढ़ रही है।
यहां जानिए क्या है पूरा मामला
साल 2007 में पानीपत से एक लड़की लापता हो गई। कई जगह खोजने के बाद भी लड़की नहीं मिली। थक हार कर परिजन पुलिस स्टेशन पहुंचते हैं और बेटी को तलाशने के लिए पुलिस की मदद मांगते हैं। शिकायत पर पुलिस केस दर्ज कर तलाश शुरू कर देती है।
तलाश में दिन, हफ्ते और महीनों गुजर गए, मगर चार साल की बच्ची के बारे में कोई पता नहीं चल पाया। महीने, साल बीत गए तो पिता सोमदत्त, माता सुनीता की उम्मीदें भी टूट गई।
आखिरकार ऐसे अपनी बेटी से मिले माता-पिता
19 जुलाई स्टेट क्राइम ब्रांच पंचकूला में एक फोन आता है। यह फोन बालिका आश्रम टूटीकंडी से था। आश्रम से क्राइम ब्रांच को बताया गया कि यहां 11 साल से एक लड़की रह रही है। इसके परिजनों की अपने स्तर पर काफी तलाश कर ली है, पर उनके बारे में पता नहीं चल रहा है।
फोन के बाद क्राइम ब्रांच के एएसआई राजेश ने आश्रम में लड़की से बात की। एएसआई ने लड़की के उसके पिता का नाम जाना। पिता का नाम जनने के बाद पहले अंबाला और फिर पानीपत सीआरओ से संपर्क किया।
पानीपत सीआरओ से पता चला कि मॉडल टाउन पुलिस स्टेशन में पूजा नाम की लड़की की गुमशुदगी की रिपोर्ट 2007 से दर्ज है। फिर इस पुलिस स्टेशन से एएसआई ने डिटेल एकत्र की और लड़की के पिता को ढूंढ निकाला।