अब टूरिस्ट यहां भी उठा पाएंगे पैराग्लाइडिंग का लुत्फ
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कुल्लू-मनाली में चार नए पैराग्लाइडिंग स्थल बनेंगे। इसके लिए पर्यटन विभाग ने औपचारिकताएं पूरी कर ली हैं। इनमें ट्रायल भी कर लिया है। तकनीकी कमेटी के निरीक्षण में साइट पैराग्लाइडिंग के लिए सही पाई गई हैं। जिला पर्यटन विभाग ने सरकार को प्रस्ताव भेज दिया है। वर्तमान में सोलंगनाला और मढ़ी में पैराग्लाइडिंग होती है।
इन दो स्थलों के अलावा जिले में कहीं भी पैराग्लाडिंग की अनुमति नहीं है। अब जल्द चार जगह साहसिक खेल का लुत्फ उठाया जा सकेगा। तकनीकी कमेटी ने भी नए स्थलों में पैराग्लाइडिंग को हामी भर दी है।
पर्यटन सीजन के दौरान देश-विदेश से सैलानी कुल्लू-मनाली आते हैं। वर्तमान में करीब 198 पैराग्लाइडरों को उड़ान भरने की इजाजत दी गई है। सभी मढ़ी और सोलंगनाला में काम करते हैं।
इन स्थलों का हुआ ट्रायल
नए पैराइग्लाइडिंग प्वाइंट बनने पर पैराग्लाइडरों के लिए रोजगार के साधन खुलेंगे। उधर, मनाली पैराग्लाइडिंग एसोसिएशन के कोषाध्यक्ष गंगाराम ने बताया कि कुल्लू में पैराग्लाइडिंग साइट्स विकसित होनी चाहिए। इससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। स्थानीय युवाओं को घर-द्वार रोजगार मिलेगा।
कुल्लू की खराहल घाटी के तलोगी, पतलीकूहल के रायसन, मनाली के मझाच पुरवा में दो साइट्स तलाशी गई हैं। चारों साइट्स तकनीकी तौर पर पैराग्लाइडिंग के लिए सही हैं। सरकार से हरी झंडी मिलने पर कुल्लू में छह जगह पैराग्लाइडिंग हो सकेगी।
चार नए स्थलों में पैराग्लाडिंग को ट्रॉयल लिया है। तकनीकी कमेटी के निरीक्षण में सभी साइट्स में पैराग्लाडिंग उचित पाई है। सरकार को प्रस्ताव भेजा है। स्वीकृति मिलने पर आगामी कार्यवाही की जाएगी। -रत्न गौत्तम, जिला पर्यटन विकास अधिकारी