इलेक्ट्रिक वाहन नीति: हिमाचल सरकार ने ग्रीन मोबिलिटी कमेटी का किया गठन
सरकार ने शिमला में डीकार्बोनाइजिंग ट्रांसपोर्ट के दृष्टिगत स्थायी गतिशीलता समाधान की निगरानी और उसे बढ़ावा देने के लिए एक ग्रीन मोबिलिटी कमेटी का गठन किया है।
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हिमाचल प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग के मद्देनजर एक टिकाऊ योजना बनेगी। इसके लिए सरकार ने शिमला में डीकार्बोनाइजिंग ट्रांसपोर्ट के दृष्टिगत स्थायी गतिशीलता समाधान की निगरानी और उसे बढ़ावा देने के लिए एक ग्रीन मोबिलिटी कमेटी का गठन किया है। इसके सदस्य प्रधान सचिव, परिवहन समिति के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक हिमाचल पथ परिवहन निगम, निदेशक परिवहन, आयुक्त नगर निगम शिमला, मुख्य कार्यकारी अधिकारी शिमला स्मार्ट सिटी, प्रमुख अभियंता हिमाचल प्रदेश लोक निर्माण विभाग शिमला, निदेशक रोपवे और रैपिड ट्रांजिट डेवलपमेंट कॉरपोरेशन, मुख्य अभियंता एचपी स्टेट रोड एंड अदर इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन, प्रबंध निदेशक हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड और निदेशक पर्यावरण, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग इसके सदस्य होंगे।
सरकार के प्रवक्ता ने कहा कि सचिव एसटीए-सह-अतिरिक्त आयुक्त परिवहन समिति के सदस्य सचिव होंगे। समिति इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग के मद्देनजर एक टिकाऊ योजना विकसित करेगी, जो शिमला शहर में डी-कार्बोनाइजेशन के लिए मदद करेगी। अंतर-विभागीय सहयोग के लिए एक मंच के रूप में काम करना समिति के प्रमुख उद्देश्यों में शामिल है। उन्होंने कहा कि समिति कार्यशालाओं और क्षमता निर्माण कार्यक्रमों के आयोजन, पायलट परियोजनाओं पर विचार-मंथन करने, परियोजना निष्पादन में तेजी लाने के लिए मौजूदा योजनाओं को विलय करने के अलावा समय-सीमा के साथ कार्ययोजना को परिभाषित करने में सहायता करेगी। उन्होंने कहा कि इस कमेटी की बैठक हर तिमाही में एक बार आयोजित की जाएगी।