परख सर्वे : तैयारी को लेकर हिमाचल के 15 हजार स्कूलों में हुआ मॉक टेस्ट, जांचा भाषा, गणित और विज्ञान का ज्ञान
प्रदेश के शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने परख सर्वेक्षण-2024 की तैयारियों की खुद कमान संभाली है। शिक्षा मंत्री परख सर्वेक्षण से पहले बुधवार को स्कूलों में कराए गए दूसरे मॉक टेस्ट जांचने के लिए लिए स्वयं फील्ड में उतरे।
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राष्ट्रीय सर्वेक्षण परख की तैयारियाें को जांचने के लिए प्रदेश के करीब 15 हजार स्कूलों में बुधवार को मॉक टेस्ट हुआ। इस दौरान तीसरी, छठी और नवीं कक्षा के विद्यार्थियों का भाषा, गणित और विज्ञान विषय का ज्ञान जांचा गया।शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर शिमला ग्रामीण के खलग स्कूल का औचक निरीक्षण किया। शिक्षा मंत्री ने मॉक टेस्ट को लेकर बच्चों से बातचीत की। दिसंबर के पहले सप्ताह में राष्ट्रीय सर्वेक्षण परख होना है। इसकी तैयारियों को लेकर बुधवार को मॉक टेस्ट आयोजित किया गया। सर्वे में बेहतर परिणाम आने पर हिमाचल की रैंकिंग बढ़ेगी।
शिक्षा मंत्री ने शिमला ग्रामीण के गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल खलग का औचक निरीक्षण कर जाना कि बच्चे मॉक टेस्ट किस तरह से कर रहे हैं। शिक्षा मंत्री ने स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में स्कूली बच्चों की हौसला अफजाई भी की। रोहित ने कहा कि परख सर्वेक्षण में हिमाचल का प्रदर्शन बेहतर हो, इसके लिए प्रदेश सरकार बेहद गंभीर है। इससे पहले साल 2021 में कराए गए नेशनल अचीवमेंट सर्वे में हिमाचल का प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा था। इस बार परख सर्वेक्षण में हिमाचल का प्रदर्शन बेहतर हो, इसको देखते हुए स्कूलों में बच्चों की निरंतर प्रैक्टिस कराई जा रही है।
उन्होंने शिक्षकों से कहा कि वे परख सर्वेक्षण के लिए मिशन मोड पर काम करें। इसके लिए सभी को मिलकर काम करने की जरूरत है। परख सर्वेक्षण की तैयारियों की जिम्मेदारी केवल प्राइमरी स्तर के शिक्षकों नहीं बल्कि स्कूल के लेक्चरर भी इसमें सहयोग दें। शिक्षा मंत्री ने कहा कि परख सर्वेक्षण का रिजल्ट शिक्षा विभाग की पूरी इमेज को दर्शाएगा। ऐसे में इसके लिए स्कूलों में बच्चों की ज्यादा से ज्यादा प्रैक्टिस कराई जानी चाहिए
अधिकारियों की टीमों ने भी स्कूलों का किया निरीक्षण
शिक्षा मंत्री के अलावा समग्र और शिक्षा विभाग के अधिकारी भी बुधवार को परख की तैयारियों को जांचने के लिए प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में स्थित स्कूलों में गए। समग्र शिक्षा निदेशक राजेश शर्मा और प्रारंभिक शिक्षा निदेशक आशीष कोहली ने छोटा शिमला स्कूल, फागू के बन्नी स्कूल, कोटखाई स्कूल और ठियोग स्कूल में मॉक टेस्ट को लेकर निरीक्षण किया। इनके अलावा अतिरिक्त निदेशक उच्च शिक्षा संजीव सूद, हरीश शर्मा और प्रारंभिक शिक्षा निदेशक बाबूराम शर्मा और जिलों में तैनात शिक्षा अधिकारियों ने भी मॉक टेस्ट की निगरानी की।
उल्लेखनीय है कि हिमाचल के स्कूलों में विद्यार्थियों की सीखने की क्षमता का स्तर जांचने के लिए दिसंबर में परख राष्ट्रीय सर्वेक्षण-24 कराया जा रहा है। परख सर्वे के लिए बच्चों की प्रैक्टिस करने के साथ ही इनका मूल्यांकन करने के लिए स्कूलों में मॉक टेस्ट भी कराए जा रहे हैं। 10 सितंबर को कराए गए पहले टेस्ट के बाद आज कराए गए दूसरे मॉक टेस्ट को लेकर समग्र शिक्षा निदेशालय की ओर से स्कूलों को विशेष हिदायतें जारी की थीं। इसमें तीसरी व छठी के विद्यार्थियों का भाषा, गणित और ईवीएस और 9वीं कक्षा के भाषा, गणित, विज्ञान और सामाजिक विज्ञान विषयों से संबंधित मॉक टेस्ट कराया गया। इसका रिजल्ट आने पर समग्र शिक्षा और शिक्षा विभाग मिलकर आगे की रणनीति तैयार करेगा जिससे कि पहले दो टेस्ट की खामियों को तीसरे मॉक टेस्ट के दौरान दूर किया किया जा सके।