..और खेल खेल में फंदे से झूल गई वो मासूम
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बद्दी की कालू झिंडा पंचायत के कोटियां गांव में एक बच्ची की चुन्नी का फंदा कसने से मौत हो गई है। बताया जा रहा है कि परिजनों ने खेल बंद करके बच्ची को होमवर्क पूरा करने के लिए कहा था।
इससे नाराज होकर वह कमरे में गई और चुन्नी गले में लपेटकर खिड़की के साथ झूलने लगी। झूलते झूलते गले में लिपटी चुन्नी कस गई और वह बेहोश हो गई। बेहोशी की हालत में परिजन बच्ची को निजी चिकित्सालय ले गए।
गंभीर हालत को देखते हुए उसे चंडीगढ़ के सेक्टर 32 अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई है। घटना तीन अप्रैल की है। बद्दी पुलिस ने 174 के तहत कार्रवाई डालकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
छोटी बहन ने बताया, कोमल बेहोश पड़ी है
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक कोटियां गांव के पवन व रीना की दस वर्षीय बच्ची कोमल अपने भाई व बहन के साथ घर के आंगन में खेल रही थी।
पवन ने कोमल को खेलना बंद कर अपनी किताब पढ़ने को कहा। जिस पर वह नाराज हो गई और दूसरे कमरे में चली गई।
इस बीच पवन अपने कमरे में पूजा अर्चना करने में व्यस्त हो गया। इसी बीच उसकी छोटी बेटी ललिता चिल्लाती हुई आई कि उसकी बड़ी बहन के गले में चुन्नी कसी है और वह कुछ बोल नहीं रही है।
शोर सुन कर पवन का बड़ा भाई प्रीतम व चचेरा भाई विक्की मौके पर पहुंचे बच्ची के गले से फंदा उतारा, उस समय वह हल्का सांस ले रही थी।
डॉक्टर भी नहीं बचा पाए उसकी जान
बेहोशी की हालत में बच्ची को परिजन कालका के एक निजी चिकित्सालय में ले गए। लेकिन हालत नाजुक होने पर बच्ची को वहां से चंडीगढ़ रैफर कर दिया।
मगर चंडीगढ़ के चिकित्सक भी उसे नहीं बचा पाए। एसपी अरुल कुमार ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस ने 174 के तहत मामला दर्ज कर छानबीन शुरूकर दी है।
उन्होंने कहा कि घटना खेल खेल में घटी है या बच्ची ने खुद फंदा लगाया है, पुलिस इसकी जांच कर रही है। हर पहलू को ध्यान में रखकर पुलिस तफतीश कर रही है।