लोकायुक्त: भाजपा को झटका देने की तैयारी में सरकार
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हिमाचल में तत्कालीन भाजपा सरकार की ओर से 2012 में पास किए गए लोकायुक्त विधेयक को सोमवार को कांग्रेस सरकार विधानसभा में वापस लेने जा रही है। विधेयक के वापस लेने का प्रस्ताव प्रदेश के मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह खुद सदन में रखेंगे।
साथ ही सरकार की ओर से तैयार कि गए नए लोकायुक्त विधेयक के ड्राफ्ट को सदन पटल पर रखा जाएगा। इस विधेयक के ड्राफ्ट को चार अगस्त को ही प्रवर समिति की ओर से मंजूरी मिल गई थी।
भाजपा विधेयक का कांग्रेस ने किया था विरोध
भाजपा सरकार की ओर से छह अप्रैल 2012 को लोकायुक्त विधेयक पास किया गया था। उस दौरान कांग्रेस ने भाजपा की ओर से तैयार किए गए लोकायुक्त विधेयक का विरोध किया था।
प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के बाद कांग्रेस सरकार की तरफ से नए लोकायुक्त विधेयक का ड्राफ्ट बनाने को कैबिनेट मंत्री कौल सिंह ठाकुर की अध्यक्षता में प्रवर समिति का गठन किया गया था। इस समिति ने नए लोकायुक्त विधेयक का ड्राफ्ट चार अगस्त को फाइनल कर दिया है।
भाजपा सरकार द्वारा पारित लोकायुक्त विधेयक को वापस लेने का प्रस्ताव अब कांग्रेस सरकार सोमवार 11 अगस्त को सदन में रखेगी।
किसका क्या है मत?
सभापति विधानसभा प्रवर समिति कौल सिंह ठाकुर का कहना है कि प्रदेश के नए लोकायुक्त विधेयक का ड्राफ्ट तैयार हो चुका है। सोमवार को सरकार पुराने विधेयक को वापस लेगी। साथ ही नए विधेयक को सदन में रखेगी।
वहीं, विपक्ष के नेता व पूर्व सीएम प्रेम कुमार धूमल का कहना है कि दो साल पहले विधानसभा ने जिस लोकायुक्त विधेयक को पास किया था। उसमें अगर कोई कमियां थीं तो उसमें संशोधन किया जाना चाहिए था।
उसे वापस लेने का कोई मतलब नहीं है। सदन में सरकार के फैसले का विरोध किया जाएगा।