पासिंग आउट परेड में पहुंचे सीएम, नए जवानों को दिया खास संदेश
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पिछले साल पुलिस कांस्टेबल पद के लिए चयनित कैडेटों की जुंगा में चल रही एक साल की ट्रेनिंग पूरी होने के बाद रविवार पासिंग आउट परेड आयोजित हुई। मुख्यमंत्री 183 नए पास आउट पुलिस रंगरूटों की परेड की सलामी ली और सभी को बधाई देते हुए कहा कि उन्हें प्रदेश पुलिस परिवार का हिस्सा बनने पर गर्व महसूस करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि उन्हें विश्वास है कि कठोर प्रशिक्षण से उन्हें एक सच्चा एवं पेशेवर सिपाही बनने में सहायता मिलेगी तथा वे सेवाकाल के दौरान अपनी जिम्मेवारियों तथा आने वाली चुनौतियों का सामना करने के लिए सक्षम होंगे।
इससे पहले वीरभद्र सिंह ने जुंगा स्थित पुलिस मैदान में चारदीवारी लगाने के लिए 30 लाख रूपये देने की घोषणा की। उन्होंने जुनगा स्थित एचपी सशस्त्र पुलिस की प्रथम बटालियन के 2.81 करोड़ रूपये की लागत से निर्मित नए प्रशासनिक खंड का लोकार्पण किया तथा इसे तैयार करने के लिए 10 लाख रूपये प्रदान करने की घोषणा की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने इस साल भी पुलिस कांस्टेबलों के 1073 पद स्वीकृत किए हैं जिनकी भर्ती प्रक्रिया प्रगति पर है। इसके अतिरिक्त उप.निरीक्षकों की भर्ती प्रक्रिया पूरी कर ली गई है और वे डरोह में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने हिमाचल प्रदेश पुलिस के कार्यों एवं चुनौतियों का साहस के साथ मुकाबला करने के जज्बे की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस अधिकारियों को विशेषकर महिलाओं की सुरक्षा आवश्यकताओं तथा समाज के गरीब एवं कमजोर वर्ग के लोगों की सुरक्षा के लिए और अधिक संवेदनशील होने की आवश्यकता है।
सीएम ने ये सलाह भी दी
उन्होंने प्रशिक्षित जवानों को सलाह दी कि वे कानून एवं व्यवस्था बनाए रखने और अधिक पेशेवर बनने के लिए लोगों के साथ मैत्रीपूर्ण रवैया अपनाएं। मुख्यमंत्री ने प्रतिभागियों द्वारा प्रस्तुत आकर्षक मार्च पास्ट की सलामी ली। सिपाही अजय शर्मा ने परेड का नेतृत्व किया जबकि सिपाही अनिल कुमार ने सह नेतृत्व किया।
मुख्यमंत्री ने प्रशिक्षण के दौरान विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले आरक्षियों को पुरस्कार भी वितरित किए। इस अवसर पर पुलिस महानिदेशक सोमेश गोयल ने कहा कि नौ माह के लंबे एवं कठोर प्रशिक्षण के दौरान रंगरूटों ने कानून, पुलिस विज्ञान, अपराध विज्ञान, कंप्यूटर एप्लिकेशन, साइबर अपराध में दक्षता हासिल करने के अलावा व्यवसायिकता, अनुशासन तथा अच्छै व्यवहार पर बल दिया गया। कार्यक्रम के दौरान स्थानीय विधायक अनिरूद्ध सिंह, महानिरीक्षक सशस्त्र पुलिस प्रशिक्षण हिमांशु मिश्रा, एपीटी प्रथम बटालियन जुंगा के आदेशक पदम चंद व अन्य उपस्थित थे।