सीएम जयराम बोले- अटल जी की ये बात उन्हें आज भी है याद
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मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि अटल जी की हिमाचल के भावी मुख्यमंत्री वाली बात उन्हें आज भी याद है। जयराम बोले - यह शायद वर्ष 2004 की बात है।
अटल जी मनाली आए थे, जब वह जाने लगे तो तत्कालीन मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह और पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल से मिलने के बाद उन्होंने मजाक में बात कही - ठीक है वर्तमान भी मिल लिए और कोई भावी है तो वह भी आ जाए।
सामने हम लोग खडे़ थे। हम हंसने लगे। जयराम बोले - उस वक्त यह मालूम नहीं था कि वह भावी मुख्यमंत्री होंगे और अटल जी एक तरह से हमारे भविष्य की बात कर रहे थे।
पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की एम्स नई दिल्ली में निधन की सूचना मिलते ही मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर नई दिल्ली के लिए रवाना हो गए। इससे पहले ओक ओवर में अनौपचारिक बातचीत में सीएम बोले कि अटल जी का व्यक्तित्व सादगी भरा रहा है।
कारकेड जाने वाला था फिर भी मेरे परिवार के साथ फोटो खींचने बैठ गए : सीएम
जब वह मनाली आते थे तो उनसे विधायक के रूप में मिलना होता था। मनाली के माउंटेनियरिंग इंस्टीट्यूट में एक बार आधा घंटा विधायकों की बैठक में बात करते-करते उन्होंने दो घंटे का वक्त ले लिया था। वह विधायकों को बारीकी से छोटी-छोटी बातें समझाते रहे।
सीएम जयराम बोले - अपने प्रवास के बाद अटल जी मनाली से वापस जा रहे थे। वहां कुछ कुर्सियां लगी थीं। उनका कारकेड जाने वाला था। मुझे परिवार के साथ फोटो खींचना था। वहां परिस्थिति ऐसी बनी कि अंदर जाने की इजाजत नहीं मिली।
संयोग से उनके एक निजी सहायक फतेह सिंह मेरे निर्वाचन क्षेत्र से थे तो उन्होंने उनके कान के पीछे कहा - ये मेरे विधायक हैं आपके साथ फोटो खींचना चाहते हैं? वह कुर्सी पर बैठे, हमारा इंतजार किया।
प्रधानमंत्री के रूप में भी मनाली में सात दिन के प्रवास पर रहे
उन्होंने मेरे साथ और मेरे पत्नी-बच्चों के साथ फोटो खींचा। यह फोटो मैंने आज भी संभालकर रखा है। अटल जी हर बात को गंभीरता से लेते थे। अटल बिहारी वाजपेयी हिमाचल को अपना घर मानते थे।
वह विपक्ष के नेता के रूप में और जब प्रधानमंत्री थे तो भी सात दिन का उन्होंने मनाली में प्रवास किया। वह अपने गांव प्रीणी में रहे। यहां आकर लोगों से सहजता से मिलना, कविताएं सुनाना आदि उनसे जुड़ी कई बातें हैं। इन्हें हिमाचल भुला नहीं सकता।