सड़क-पुल निर्माण को औपचारिकताएं पूरी करने के लिए समयावधि तय
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मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने प्रदेश में सड़कों और पुलों के निर्माण के लिए समयावधि तय कर दी है। सीएम ने कहा कि अफसरों को कार्य आवंटन से लेकर अन्य सभी औपचारिकताएं 51 दिन के भीतर पूरी करनी होंगी।
परियोजनाओं में कार्य की गुणवत्ता बनाए रखने को छोटी सड़कों के भी ई-टेंडर होंगे। मुख्यमंत्री शुक्रवार को सचिवालय में लोक निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए बोल रहे थे।
उन्होंने विभाग को निर्देश दिए कि सड़कों और पुलों के निर्माण कार्य में बाधा बन रही फॅारेस्ट क्लीयरेंस के मामलों को भी जल्द निपटाएं। वन स्वीकृतियां समय पर न मिलने से विकास कार्यों में देरी हो रही है।
इस वर्ष इतनी सड़कें बनाने का लक्ष्य
सरकार इस मामले को केंद्र के समक्ष भी उठाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे लगातार विकास कार्यों का जायजा लेते रहें। गड़बड़ी पाए जाने पर ठेकेदार व संबंधित अधिकारी के खिलाफ सख्त संज्ञान लें।
सरकार ने वर्तमान वित्त वर्ष के दौरान 600 नई वाहन योग्य सड़कें, 750 किलोमीटर लंबी सड़कों में क्रॉस जल निकासी की सुविधा, 1100 किलोमीटर सड़कों की मैटलिंग एवं टारिंग, 35 पुलों का निर्माण और 40 गांवों को सड़क सुविधा देने का लक्ष्य रखा है।
पीएमजीएसवाई के तहत 600 करोड़ की 2400 किलोमीटर लंबी 414 सड़क परियोजनाओं को पूरा करने का लक्ष्य रखा है। कहा कि इस कार्य के पूरा होने पर 150 बस्तियां सड़क से जुड़ेंगी। अधिकारियों को ब्लैक स्पॉट चिन्हित करने के भी निर्देश दिए।
केंद्र से 53 एनएच को मिल चुकी है मंजूरी
इससे पूर्व अतिरिक्त मुख्य सचिव मनीषा नंदा ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता आरपी वर्मा ने विस्तृत पॉवर प्वाइंट प्रस्तुति दी।
एसीएस एवं मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्रीकांत बाल्दी, मुख्य अभियंता, अधीक्षण अभियंता, अधिशासी अभियंताओं सहित लोक निर्माण के अन्य अधिकारी मौजूद थे।
सीएम ने कहा कि 4312 किलोमीटर के कुल 69 नए राष्ट्रीय राजमार्गों में से 53 राष्ट्रीय राजमार्गों के संबंध में स्वीकृति पत्र मिल चुके हैं। पांच राष्ट्रीय राजमार्गों के संबंध में निविदा आधारित प्राक्कलन केंद्रीय सड़क, परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय को भेजे गए हैं।