बिचौलियों की लूट, 40 में खरीद और 150 में बेच रहे चेरी का बॉक्स
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पहले मौसम ने सताया और अब बिचौलियों की मार से चेरी उत्पादक परेशान हैं। बिचौलिए मात्र 40 रुपये में चेरी का बॉक्स किसानों से खरीद कर 150 से 200 रुपये में बेच रहे हैं। किसानों से ही नहीं उपभोक्ताओं से भी ठगी का खेल खेला जा रहा है।
पिछले दिनों ये खेल मटर की खरीद-फरोख्त पर हुआ तो अब चेरी पर हो रहा है। पहले से ही ओलावृष्टि और अंधड़ जैसी प्राकृतिक आपदाओें से चेरी उत्पादक परेशान हैं। इस बारे में हिमाचल प्रदेश कृषि उत्पाद मार्केटिंग बोर्ड, शिमला के प्रबंध निदेशक आरके कौंडल ने बताया कि यह गंभीर मामला है।
रेट में इतना फर्क क्यों, हाेगी जांच
व्यापारी की ओर से बागवान जो बिल दिया गया, वह मुझे मिला है। रेट में इतना फर्क क्यों है। इसकी जांच होगी। बेशक सरकार ने मंडियों की निगरानी के लिए कृषि उत्पाद मंडी समितियां बनाई हों या फिर मार्केटिंग बोर्ड हो, लेकिन चुनाव के चलते ये संस्थाएं कोई एक्शन नहीं ले रहीं।
आरआरडी ऑर्चर्ड ठियोग के एक बागवान रविंद्र कुमार ने बताया कि वह गुरुवार को मंडी में फ्रेश चेरी लाए, मगर इसके रेट देखे तो वह चौंक गए। उन्हें 40 रुपये के हिसाब से इसका मूल्य मिला, जबकि मार्केट में यह डेढ़ से दो सौ रुपये में बेचा जा रहा है। बागवान ने इसकी शिकायत मार्केटिंग बोर्ड के प्रबंध निदेशक से भी की है।