हिमाचल में हड़कंप, मुर्गों की जांच के लिए नाके
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हिमाचल में प्रवेश कर रहे बाहरी मुर्गों की जांच के लिए राज्य के तमाम सीमावर्ती इलाकों में नाके लगाए गए हैं। सोलन, सिरमौर समेत कई जिलों में शाम पांच से सुबह नौ बजे तक मुर्गों की सप्लाई पर रोक लगा दी गई है। शनिवार को सिरमौर जिला प्रशासन ने बाकायदा इसके लिए बैठक भी की।
उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और चंडीगढ़ से सिरमौर जिले के लिए आने वाली मुर्गों की सप्लाई पर शाम पांच बजे से सुबह नौ बजे तक तत्काल रोक लगा दी है। पांवटा और कालाअंब बैरियर पर विशेषज्ञों की टीम तैनात की गई है। टीम की हरी झंडी के बाद ही मुर्गों की सप्लाई हो सकेगी।
उधर, पशुपालन विभाग की ओर से बाहरी राज्यों की सीमाओं से सटे सभी इलाकों में इसके मद्देनजर पैनी नजर रखी गई है। यह कदम राज्य में बर्ड फ्लू के पहुंचने की आशंका पर उठाया गया है। राज्य पशुपालन विभाग ने सुखना लेक में एक प्रवासी पक्षी में बर्ड फ्लू का वायरस पाए जाने के बाद यह व्यवस्था एहतियात के तौर पर की है।
प्रदेश में बर्ड फ्लू का फिलहाल कोई मामला नहीं
पशुपालन विभाग के कार्यकारी निदेशक डॉ. शेखर मैसी ने कहा है कि हिमाचल में बर्ड फ्लू का अभी तक कोई मामला सामने नहीं आया है। इसीलिए लोगों को भयभीत होने की कोई जरूरत नहीं है। बाहरी प्रदेशों से लगती परवाणू, स्वारघाट समेत राज्य की तमाम सीमाओं पर एहतियातन कड़े कदम उठाए गए हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य पशुपालन विभाग के संबंधित जिलों के अधिकारियों को निर्देश जारी किए गए हैं कि वे प्रदेश के तमाम सीमाई क्षेत्रों पर नाकेबंदी कर ऐसी गाड़ियों को पूरी जांच के बाद ही छोड़ें। उन्होंने कहा कि अगर किसी भी गाड़ी में किसी तरह की कोई आशंका नजर आती है तो समय रहते कदम उठाया जाएगा। स्वस्थ मुर्गों को ही हिमाचल प्रदेश की सीमाओं के भीतर लाया जाएगा। नाकों पर यह जांच पशुपालन चिकित्सकों की टीमें करेंगी।
दर्जन कौवों की मौत से हड़कंप
हमीरपुर के सुजानपुर उपमंडल के गांव बगेहड़ा में एक दर्जन कौवों की मौत से हड़कंप मच गया है। कौवे खेतों में मरे पाए गए हैं। डीएफओ हमीरपुर वाइल्ड लाइफ सुभाष पराशर ने बताया कि इसकी जांच करवाई जाएगी।
बड़ी बात यह है कि विभाग ने न तो सैंपल भरवाए हैं और न ही वैज्ञानिक ढंग से इन कौवों को दफनाया है। इधर, मंडी जिला पशु पालन विभाग के उपनिदेशक डॉ. केके शर्मा ने बताया कि कौवों में बर्ड फ्लू का वायरस नहीं पाया जाता है। विभागीय टीम दौरा कर प्रवासी पक्षियों और पोल्ट्री फार्म में नजर रही है।