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Shimla News: किन्नौर, कुल्लू और लाहौल वन मंडलों को दिए भोजपत्र के पौधे
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वन अनुसंधान संस्थान ने तैयार किए 25 हजार पौधे
अब तक 60 लोगों को दिया जा चुका है प्रशिक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। प्रदेश में भोजपत्र के संरक्षण और पौधरोपण को बढ़ावा देने के लिए हिमालयन वन अनुसंधान संस्थान शिमला ने 25 हजार पौधे तैयार किए हैं। इनमें से 9,500 पौधे किन्नौर, कुल्लू और लाहौल वन मंडलों को पौधरोपण के लिए वितरित किए जा चुके हैं।
वहीं संस्थान अब तक 60 वन कर्मियों, स्थानीय समुदायों के सदस्यों को भोजपत्र के बीज, नर्सरी तैयार करने और पौधरोपण की तकनीक का प्रशिक्षण दे चुका है। यह कार्य जाईका और हिमाचल प्रदेश वन विभाग की वित्तपोषित परियोजना के तहत किया जा रहा है। संस्थान का उद्देश्य भोजपत्र के पौधे तैयार करने के साथ वन विभाग के फील्ड स्टाफ और स्थानीय लोगों को इसके संरक्षण की वैज्ञानिक तकनीकों से अवगत करवाना है। इससे स्थानीय स्तर पर पौध तैयार करने और पौधरोपण की प्रक्रिया को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।
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संस्थान की ओर से केलांग में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम में लाहौल वन मंडल के फील्ड स्टाफ और स्थानीय समुदायों के 30 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। संस्थान के वैज्ञानिक पितांबर सिंह नेगी ने भोजपत्र के बीज संग्रह, नर्सरी तैयार करने और पौधरोपण की तकनीकों की जानकारी दी। प्रतिभागियों को जुनिपर के बीज और पौध तैयार करने की विधियां भी समझाई गईं। कार्यक्रम के समापन पर प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए।
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