अब यहां बनेगी बहुमंजिला पार्किंग, लोगों को राहत
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उपनगर विकासनगर के लोगों को जल्द ही पार्किंग की सुविधा मिलेगी। ऐसे में लोगों को अपने वाहन खड़े करने के लिए भटकना नहीं पड़ेगा।
विकासनगर के वाहन चालकों को अब सड़क किनारे पार्किंग ढूंढने के लिए जद्दोजहद नहीं करनी पड़ेगी। इसी साल यहां पर 200 गाड़ियों की बहुमंजिला पार्किंग का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।
पार्किंग को बनाने का प्रोजेक्ट लंबे समय से लटका था। सिंगल अंब्रेला कमेटी ने पार्किंग का नक्शा पास कर प्रोजेक्ट फाइल सरकार को भेजी है।
अप्रूवल आते ही पार्किंग का निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। छह मंजिला इस पार्किंग में करीब 200 वाहनों को खड़ा करने की जगह होगी। विकासनगर के लोगों को पार्किंग के न होने से भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
शाम ढलते ही लोगों में पार्किंग के लिए होड़ लग जाती है। रात दस बजे के बाद तो सड़क किनारे गाड़ी खड़ी करने को जगह तक नहीं मिलती। सड़क के दोनों तरफ गाड़ियां खड़ी होने से आए दिन जाम की समस्या पैदा हो जाती है।
ऐसे में पार्किंग बनने से लोग आसानी से अपनी गाड़ियां पार्क कर सकेंगे। साथ ही जाम की समस्या से भी निजात मिलेगी। स्थानीय निवासी अमित, नरेश, योगेंद्र, गौरव का कहना है कि लंबे समय से प्रस्तावित इस पार्किंग को जल्द बनाया जाए ताकि लोगों को पार्किंग की समस्या से न जूझना पड़े।
नगर निगम ठेके पर देगा पार्किंग
राजधानी शिमला में वाहनों की पार्किंग करने के लिए नगर निगम अपनी सभी पार्किंगों को फिर ठेके पर देगा। फरवरी महीने में पार्किंगों की एक-एक साल की नीलामी के लिए टेंडर आमंत्रित किए जाएंगे।
मंगलवार को आयुक्त पंकज राय की अध्यक्षता में हुई बैठक में पार्किंगों की धरोहर राशि तय की गई। दिसंबर महीने की मासिक बैठक में नगर निगम ने पार्किंगों को फिर से ठेके पर देने का प्रस्ताव पारित किया है।
फरवरी महीने में नगर निगम शहर की पांच बड़ी पार्किंगों सहित अन्य पार्किंगों को टेंडर के माध्यम से ठेके पर देगा। तीन मंजिलें मेट्रोपोल के सामने स्थित हैं, चौथी लिफ्ट के पास और पांचवीं पार्किंग हाईकोर्ट के पास स्थित है।
वर्तमान में तीन पार्किंगों को नगर निगम चला रहा है जबकि दो पार्किंगों को टेंडर की अवधि समाप्त होने के बावजूद ठेकेदारों से चलवाई जा रही है।
ओवर चार्जिंग रोकने को नगर निगम ने जनवरी 2014 की बैठक में स्वयं पार्किंग चलाने का फैसला लिया था। 29 जनवरी 2014 को हुई बैठक में नगर निगम ने पार्किंगों को होमगार्ड के जवानों के हवाले करने को कहा था।
सहायक आयुक्त प्रशांत सरकैक ने बताया है कि नई प्रक्रिया के तहत पार्किंगों के टेंडर अवधि समाप्त होने से छह माह पूर्व ही करवाने का फैसला लिया गया है।