फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   Atal Bihari Vajpayee mortal remains immersed in Beas Kanchanikoot at Manali

अटलजी के अस्थि विसर्जन पर रो पड़ीं नमिता, परिजनों ने संभाला

Thu, 13 Sep 2018 05:48 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मनाली (कुल्लू)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मनाली (कुल्लू) Updated Thu, 13 Sep 2018 05:48 PM IST
विज्ञापन
Atal Bihari Vajpayee mortal remains immersed in Beas Kanchanikoot at Manali

पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की अस्थियां मनाली के पास कंचनीकूट में उनकी नातिन निहारिका ने ब्यास में विसर्जित की। अटल को नमन करने के लिए कंचनीकूट में अटल की दत्तक पुत्री नमिता भट्टाचार्य, सीएम जयराम ठाकुर, मंत्री गोविंद ठाकुर, सांसद रामस्वरूप समेत अन्य परिजन मौजूद रहे। अस्थियां विसर्जित करते ही नमिता फफक कर से रो पड़ीं जिन्हें परिजनों ने संभाला।

विज्ञापन


कंचनीकूट में हिंदू रीति रिवाज के अनुसार विसर्जन किया गया। कड़ी सुरक्षा के बीच नमिता भट्टाचार्य व परिजन प्रीणी से कंचनीकूट पहुंचे। विसर्जन होते ही नमिता सांसद अनूप मिश्रा के गले लग फूट-फूट कर रो पड़ीं। रंजन भट्टाचार्य की आंखें भी नम हो गईं। नमिता भट्टाचार्य अभी मनाली के प्रीणी स्थित घर में ही रूकी हुई हैं।
विज्ञापन


विसर्जन से पहले सीएम जयराम ठाकुर प्रीणी स्थित अटल के निवास स्थान पर पहुंचे और उन्हें श्रद्घांजलि अर्पित की। अस्थि विसर्जन के बाद मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि अटलजी की यादें मनाली से जुड़ी हुई हैं। उनका यहां से भावनात्मक रिश्ता रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने प्रदेश के विकास में इतना योगदान दिया है कि जनता उनके जाने के बाद भी उन्हें भूल नहीं पा रही है। आने वाले समय मे मनाली में अटलजी की याद में स्मारक बनाया जाएगा। इसके लिए इन दिनों मंथन किया जा रहा है। इसके बाद मुख्यमंत्री मनाली के परिधि गृह में पहुंचे और जनता की समस्याओं को सुना। इस दौरान सीएम की पत्नी डॉ. साधना, डीसी यूनुस, एसपी शालिनी अग्निहोत्री, अखिलेश कपूर समेत अन्य मौजूद रहे।

मनाली में बेटी नमिता ने ताजा कीं अटल की पुरानी यादें

Atal Bihari Vajpayee mortal remains immersed in Beas Kanchanikoot at Manali

मनाली से बेहद लगाव रखने वाले पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की दत्तक पुत्री नमिता भट्टाचार्य उन्हें प्रीणी में रहकर खूब याद कर रहीं हैं। अटल की मनाली से जुड़ी यादों को ताजा कर नमिता व परिजनों की आंखें नम हो रही हैं। वीरवार को अस्थि विसर्जन के बाद नमिता ने प्रीणी स्थित आवास में ही समय गुजारा। 

वीरवार दोपहर सीएम जयराम ठाकुर भी प्रीणी स्थित उनके आवास पर पहुंचे और नमिता को ढांढस बंधाया। परिजनों ने सीएम के साथ भी अटल की पुरानी यादें साझा कीं। सीएम ने भी परिजनों के साथ विस्तार से बातचीत की। वहीं, स्थानीय ग्रामीण भी नमिता से मिलकर ढांढस बंधा रहे हैं।

पिछले करीब 12 वर्षों से अटल बिहारी वाजपेयी मनाली के प्रीणी में बनाए अपने घर में बीमारी के चलते नहीं आ सके थे। हालांकि, हर वर्ष नमिता उनकी मनाली की जुड़ी यादों को सहेजने के लिए यहां पहुंचती थीं।

लेकिन अब अटल के बिना इस घर में नमिता खुद को अकेला महसूस कर रही हैं। इधर, सीएम जयराम ठाकुर ने कहा कि मनाली में अटल की रूह बसती थी। मनाली में अटल के परिजनों ने वीरवार को खुद अस्थियां विसर्जित की हैं। भाजपा की तरफ से पहले ही पांच स्थानों में अस्थियां विसर्जित की गई हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed