{"_id":"62a3784ed6a52776e33f37eb","slug":"army-chief-general-manoj-pande-reviews-security-situation-along-the-lac-in-himachal-pradesh-and-uttarakhand","type":"story","status":"publish","title_hn":"Himachal Pradesh: चीन से सटे समदो बॉर्डर का सेना अध्यक्ष मनोज पांडे ने किया दौरा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Himachal Pradesh: चीन से सटे समदो बॉर्डर का सेना अध्यक्ष मनोज पांडे ने किया दौरा
Sat, 11 Jun 2022 10:50 AM IST
अरविन्द ठाकुर
संवाद न्यूज एजेंसी, केलांग (लाहौल स्पीति)
संवाद न्यूज एजेंसी, केलांग (लाहौल स्पीति)
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Sat, 11 Jun 2022 10:50 AM IST
सार
थल सेनाध्यक्ष जनरल मनोज पांडे एलएसी के तीन दिवसीय दौरे पर हैं। सेना प्रमुख ने हिमाचल के चीन से सटे बॉर्डर समदो का दौरा किया। उनके दौरे के बाद बॉर्डर पर तैनात भारतीय सेना के साथ आईटीबीपी जवानों के हौसले भी बुलंद हैं।
विज्ञापन
थल सेनाध्यक्ष जनरल मनोज पांडे
- फोटो : ANI
विस्तार
चीन से सटे हिमाचल और उत्तराखंड के सीमांत इलाकों का शुक्रवार को सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे ने दौरा किया। सेना के कमांडरों से टोह लेकर और जवानों का हौसला बढ़ाकर वे देहरादून रवाना हुए। यहां उन्होंने उत्तराखंड के राज्यपाल से भी मुलाकात की। सेना प्रमुख ने हिमाचल प्रदेश में एलएसी का दौरा कर सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की।
विज्ञापन
थल सेनाध्यक्ष जनरल मनोज पांडे एलएसी के तीन दिवसीय दौरे पर हैं। भारतीय थल सेना प्रमुख का पदभार ग्रहण करने के बाद सेनाध्यक्ष का इस सेक्टर का यह पहला दौरा है। सेना प्रमुख के साथ सेना कमांडर, मध्य कमान, जीओसी भी साथ रहे। इस दौरान सेना प्रमुख ने हिमाचल के चीन से सटे बॉर्डर समदो का भी दौरा किया। सेना प्रमुख के दौरे के बाद बॉर्डर पर तैनात भारतीय सेना के साथ आईटीबीपी जवानों के हौसले भी बुलंद हैं। करीब दो साल पहले दिवाली के दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी समदो बॉर्डर का दौरा कर चुके हैं।
विज्ञापन
अग्रिम चौकियों के दौरे के दौरान सेना अध्यक्ष को स्थानीय कमांडरों ने सीमाओं पर मौजूदा स्थिति के बारे में जानकारी दी। अग्रिम क्षेत्रों में परिचालन तैयारियों का प्रत्यक्ष मूल्यांकन करते हुए सेना प्रमुख ने पर्वतारोहण कौशल और लंबी दूरी की गश्त सहित तैनात संरचनाओं की जानकारी ली।
विज्ञापन
चीन और पाकिस्तान सीमावर्ती इलाकों के बुनियादी ढांचे और विकास कार्यों और सेना-नागरिक के तालमेल की भी समीक्षा की। उन्होंने सेना कमांडरों के साथ बातचीत करते हुए सीमाओं पर सतर्कता और उसकी आवश्यकता पर बल दिया। लगातार निगरानी करने में आधुनिक तकनीक के समावेश की सराहना की। उन्होंने अग्रिम चौकियों पर तैनात सैनिकों के साथ बातचीत के दौरान उनका मनोबल बढ़ाया।