Anurag Thakur: अनुराग ठाकुर बोले- नारा देना आसान था, लेकिन प्रियंका गांधी कभी लड़कियों के लिए नहीं लड़ीं
केंद्रीय मंत्री और हमीरपुर संसदीय क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी अनुराग ठाकुर ने प्रियंका गांधी पर तंज कसा है। अनुराग ठाकुर ने कहा कि नारा देना आसान था, लेकिन वे कभी लड़कियों के लिए न खड़ी हुईं न ही लड़ीं।
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कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा पर केंद्रीय मंत्री और हमीरपुर संसदीय क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी अनुराग ठाकुर ने कहा कि "नारा देना आसान था 'मैं एक लड़की हूं, मैं लड़ सकती हूं', लेकिन वह कभी लड़कियों के लिए नहीं लड़ीं और न ही उनके लिए खड़ी हुईं। महिलाओं पर अत्याचार किया गया।" अपराध भी हुए, मारीं भी गई, लेकिन प्रियंका गांधी नजर नहीं आईं।''
#WATCH Hamirpur: On Congress leader Priyanka Gandhi Vadra, Union Minister Anurag Thakur says, "It was easy to give the slogan 'I am a girl, I can fight'. But she never fought nor stood up for girls. Women were tortured, crimes were committed and they were also killed but Priyanka… pic.twitter.com/23AkAdVYOP
— ANI (@ANI) May 28, 2024विज्ञापन
अनुराग ठाकुर ने कहा कि नेहा कांग्रेस के काउंसलर की बेटी थी। निकाह करने के लिए जबरन निकाह करने के लिए उन्होंने मना किया। गला रेतकर हत्या कर दी गई। उनकी सरकार में उनके काउंसलर की बेटी को न्याय नहीं मिला, लेकिन वह नजर नहीं आई। लडकी हूं पर लड़ नहीं सकती हूं। हिमाचल प्रदेश की महिलाओं को ₹1,500 महीना वादा करके गई थी। 16 महीने हो गए शक्ल नहीं दिखाई और न ही एक पाई भी महिलाओं को दिलाई।
अनुराग ठाकुर ने कहा कि अब मुख्यमंत्री कहते हैं 24 घंटे में पैसा दूंगा। 16 महीने में 24 घंटे आए। आपकी सरकार सोई रही। अब तो आपकी सरकार का जाने का समय आया। मैंने सवाल किए थे राहुल गांधी जी से भी कि ऐसी कौन सी मजबूरी है कि पाकिस्तान की तारीफ करनी जरूरी है? ऐसी कौन सी मजबूरी है कि चीन से राजीव गांधी फाउंडेशन में पैसा लेना जरूरी है? ऐसी कौन सी मजबूरी है कि आपको सैनिकों के शौर्य पर प्रश्नचिन्ह खड़ा करना जरूरी है।
अनुराग ठाकुर ने कहा कि ऐसी कौन सी मजबूरी की कांग्रेस को रक्षा सौदों में दलाली खानी जरूरी है? ऐसी कौन सी मजबूरी है कि एससी एसटी, ओबीसी का पांच पर्सेंट कोटा कम करना खाना कांग्रेस की मजबूरी है? ऐसी कौन सी मजबूरी है कि लोगों की संपत्ति को वापस लेकर वितरण करना, बाकियों में बांट देना, घुसपैठियों को दे देना ये कांग्रेस की रणनीति है।
अनुराग ठाकुर ने कहा कि मेरा सवाल है ऐसी कौन सी मजबूरी है कि सनातन धर्म को कुचलना जरूरी है। राम मंदिर को पारित करना जरूरी है, राम मंदिर पर ताला लगाना जरूरी है और राम मंदिर को बुलडोजर चलाना कांग्रेस की कौन सी मजबूरी है, क्या मजबूरी है? कांग्रेस पार्टी बताए, हिंदुओं को अपमानित करना भारत को नीचा दिखाना और पाकिस्तान चीन के तारीफ के पुल बांधना कांग्रेस की कौन सी मजबूरी है? इनका शरीर हिंदुस्तान में है, इनका दिल पाकिस्तान में है।
अनुराग ठाकुर ने कहा कि पाकिस्तान वालों का दिल कांग्रेस के लिए धड़कता है और कांग्रेस वालों का दिल धड़कता है। पाकिस्तान वालों के लिए। कहते हैं वहां से वाघा बॉर्डर खोल कर मरीज लाएंगे। अरे जिन्होंने यहां पर मुर्दे कर दिए, कसाब ने आकर जिस तरह से मारा, आपकी सरकार, कांग्रेस की सरकार कुछ नहीं कर पाई। नपुंसक सरकार बनकर रही आपकी। और आप कहते वाघा बॉर्डर खोल देंगे। कभी आप उनसे दोस्ती कर लेंगे। क्या मजबूरी है? पाकिस्तान के साथ दोस्ती करने की? सवाल यह खड़ा होता है कि वो आतंकवाद को बढ़ावा देते हैं। जब तक पाकिस्तान आतंकवाद को बढ़ावा देती रहेगी, तब तक भारतीय सेना मुंहतोड़ जवाब देती रहेगी।