यहां लैंड होगा 300 सीटर बोइंग जहाज, 3150 मीटर लंबा होगा रनवे
भारतीय विमाननन प्राधिकरण ने मंडी में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा निर्माण के लिए मास्टर प्लान तैयार कर लिया है। मंडी के नागचला में प्रस्तावित हवाई अड्डे का रनवे सूबे में सबसे बड़ा 3150 मीटर लंबा होगा। इसकी लंबाई भुंतर हवाई अड्डे से तीन गुना अधिक होगी। एयरपोर्ट का निर्माण 698 एकड़ भूमि पर किया जाएगा।
केंद्रीय उड्डयन मंत्रालय ने भी मंडी हवाई निर्माण के लिए गंभीरता दिखाई है। मुख्यमंत्री इस मेगा प्रोजेक्ट को केंद्र के समक्ष बार-बार उठाते आए हैं। अब इसके निर्माण की दिशा में कवायद तेज हो गई है। केंद्रीय एयरपोर्ट अथॉरिटी ने मंडी में प्रस्तावित हवाई अड्डे के निर्माण के लिए पूरा मास्टर प्लान तैयार कर इसे स्थानीय जिला प्रशासन व भुंतर एयरपोर्ट अथॉरिटी को भेजा है।
मंडी में प्रदेश की सबसे बड़ी हवाई पट्टी बनने पर यहां करीब 300 सीटर बोइंग जहाज भी लैंड कर सकेगा। भुंतर एयरपोर्ट अथॉरिटी के निदेशक एए अंसारी ने कहा कि मंडी जिला के नागचला में 698 एकड़ पर हवाई अड्डे का निर्माण किया जाएगा। जिसमें 3150 मीटर रनवे के साथ हवाई अड्डे का टर्मिनल व पूरा परिसर बनना प्रस्तावित है।
यह है मास्टर प्लान
मास्टर प्लान में एयरपोर्ट निर्माण की पूरी प्लानिंग को दर्शाया जाता है। जिसमें किस एरिया का डेवलपमेंट कैसे किया जाएगा। कहां पर रनवे होगा और कहां पर टर्मिनल बनेगा। हवाई अड्डे का परिसर कहां और कैसे होगा। मास्टर प्लान बनाने के समय पब्लिक पॉलिसी और व्यक्तिगत हित आदि पहलुओं पर विचार किया जाता है। इन सब तथ्यों का अवलोकन करने के बाद मास्टर प्लान को अंतिम रूप दिया जाता है।
भुंतर रनवे से इतनी बड़ी होगी मंडी हवाई पट्टी- वर्तमान में सूबे में तीन हवाई पट्टी का निर्माण किया गया है, लेकिन मंडी हवाई अड्डे का रनवे सबसे बड़ा 3150 मीटर लंबा होगा। भुंतर का रनवे 1052 मीटर, शिमला का 1230 मीटर जबकि गगल हवाई अड्डे का रनवे 1372 मीटर लंबा है।