{"_id":"645b9118d2e4562a19001288","slug":"3491-mobile-connections-fraudulently-taken-for-cyber-crime-forgery-disconnected-2023-05-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"दूरसंचार विभाग: साइबर अपराध, जालसाजी के लिए फर्जी तरीके से लिए 3491 मोबाइल कनेक्शन काटे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दूरसंचार विभाग: साइबर अपराध, जालसाजी के लिए फर्जी तरीके से लिए 3491 मोबाइल कनेक्शन काटे
Wed, 10 May 2023 10:11 PM IST
Krishan Singh
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Wed, 10 May 2023 10:11 PM IST
सार
दूरसंचार विभाग की हिमाचल प्रदेश इकाई ने साइबर अपराध, जालसाजी के लिए फर्जी तरीके से लिए 3491 मोबाइल कनेक्शन काट दिए हैं।
विज्ञापन
दूरसंचार विभाग
- फोटो : social media
विस्तार
केंद्रीय संचार एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के दूरसंचार विभाग की हिमाचल प्रदेश इकाई ने साइबर अपराध, जालसाजी के लिए फर्जी तरीके से लिए 3491 मोबाइल कनेक्शन काट दिए हैं। दूरसंचार विभाग की हिमाचल प्रदेश इकाई के अतिरिक्त महानिदेशक रणवीर सिंह ने कहा कि इस यूनिट ने राज्य में विभिन्न लाइसेंस्ड टेलीकॉम सर्विस प्रोवाइडर्स (टीएसपी) के 3491 फर्जी कनेक्शन का पता लगाया है। लाइसेंस प्राप्त टेलीकॉम सर्विस प्रोवाइडर्स को एफआईआर दर्ज करने सहित गड़बड़ी करने वाले प्वाइंट-ऑफ-सेल (पीओएस) के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
पुलिस में शिकायत दर्ज करने के अलावा ऐसे कनेक्शन बेचने में शामिल दस पीओएस को ब्लैकलिस्ट करने के अलावा इन कनेक्शनों को काट दिया गया है। राज्य में मोबाइल फोन आधारित साइबर अपराधों, धोखाधड़ी आदि के मामलों में दायर शिकायतों और जनता की ओर से दर्ज की गई शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई के लिए पुलिस अधिकारियों से भी संपर्क किया गया है। इकाई साइबर अपराध, धोखाधड़ी आदि करने के लिए धोखाधड़ी से लिए गए मोबाइल कनेक्शन का पता लगाने के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित चेहरे की पहचान प्रणाली (एटीआर) जैसी नवीनतम तकनीक का लाभ उठा रही है।
विज्ञापन
क्या कहते हैं एएसपी साइबर भूपिंद्र सिंह नेगी
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (साइबर) भूपिंद्र सिंह नेगी ने कहा कि दूरसंचार के अतिरिक्त महानिदेशक(एचपी यूनिट) रणवीर सिंह ने मंगलवार को यह मामला डिस्कस किया है। जिन किसी ने भी बिना आधार कार्ड व किसी दूसरे का आधार कार्ड इस्तेमाल करके नंबर जारी व लिए है, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई होगी। ऐसे लोगों को पता किया जाएगा। साइबर अपराध की बढ़ती घटनाओं के चलते ऐसा किया जा रहा है। साइबर पुलिस टेलीकॉम सर्विस प्रोवाइडर कंपनियों के साथ अभियान चलाने जा रही है। इसमें लोगों को साइबर अपराध के बारे में जागरूक किया जाएगा।
विज्ञापन