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गांव चड़ियाला में खुलेआम चल रही है अवैध माइनिंग
Updated Sat, 16 Dec 2017 12:57 AM IST
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गांव चड़ियाला में की जा रही अवैध माइनिंग
पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी रोकने में नाकाम
पंचायत की तरफ से प्रस्ताव पारित करने के बावजूद नहीं हो रही कार्रवाई
अमर उजाला ब्यूरो
डेराबस्सी।
गांव चड़ियाला में लंबे समय से अवैध माइनिंग की जा रही है। इसे रोकने में माइनिंग विभाग, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी नाकाम साबित हो रहे हैं। गांव की शामलात जमीन में हो रही माइनिंग को लेकर बीते दिनों गांव की पंचायत की तरफ से एक बैठक कर खनन माफिया के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए प्रस्ताव पारित कर संबधित विभागों को भेजा गया है। इसके बावजूद अधिकारी मूकदर्शक बने बैठे हैं। पंचायत ने आशंका जताई है कि अधिकारियों की तरफ से कार्रवाई नहीं की जा रही है, संभवत: वे भी खनन माफियाओं से मिले हुए हैं।
गांव के सरपंच हरचंद सिंह, लाभ सिंह, गुरध्यान सिंह, भगवान सिंह, केसर सिंह ने बताया कि यहां से गुजरती घग्गर और आसपास की जमीनों में से लंबे समय से रेत की चोरी की जा रही है। पंचों ने कहा कि माफिया ट्रालियों में रोजाना ट्रालियों में रेत भर कर ले जाते हैं। इससे सरकार को लाखों रुपये का चूना लगाया जा रहा है। मौके पर विरोध करने पर जान से मारने की धमकियां दी जाती हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि बीते दिनों में घग्गर नदी के साथ लगती गांव की शामलात जमीन से रेत की चोरी की जा रही है। पहले तो यह नाजायज माइनिंग रात में होती थी, लेकिन प्रशासनिक अधिकारी और पुलिस की तरफ से कोई कार्रवाई न होने पर अब माफिया दिनदहाड़े खुलेआम माइनिंग कर रहा है। पंचायत की तरफ से माइनिंग बंद कराने के लिए लंबे समय से अलग-अलग विभागों के अधिकारियों को शिकायतें देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इससे स्पष्ट है कि माफिया को पंजाब सरकार और अफसरों का संरक्षण हासिल है।
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गांव के सरपंच और अन्य पंचायत सदस्यों ने रोष प्रकट करते कहा कि यदि जल्द अवैध माइनिंग बंद नहीं करवाई गई तो वह संघर्ष करते हुए माइनिंग करने के लिए आने वाली गाड़ियों की नुकसान पहुंचाएंगे। इसकी जिम्मेदारी पंजाब सरकार की होगी।
थाना प्रमुख गुरप्रीत सिंह बैंस ने कहा कि गांव वासियों की तरफ से मामला ध्यान में लाने पर बनती कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अवैध माइनिंग होने पर तुरंत पुलिस को सूचना देने की बात कही।
गांव बाकरपुर में नहीं रुकी माइनिंग
डेराबस्सी क्षेत्र में बीते कुछ समय से खुलेआम अवैध माइनिंग चल रही है। इस संबंध में अलग अलग गांवों के लोगों की तरफ से शिकायतें देने की बावजूद अधिकारी कार्रवाई नहीं कर रहे। गांव बाकरपुर में लंबे समय से अवैध खनन जारी है, इस संबंध में कई बार गांव के लोग लिखित शिकायतें देने के अलावा रोष प्रदर्शन भी कर चुके हैं पर कोई सुनवाई नहीं हो रही है। गांव वासियों की तरफ से नाजायज माइनिंग कर रही पोकलेन मशीनें पुलिस के हवाले की जा चुकी है, लेकिन पुलिस हर बार आरोपियों व मशीनों को छोड़ देती है।
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पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी रोकने में नाकाम
पंचायत की तरफ से प्रस्ताव पारित करने के बावजूद नहीं हो रही कार्रवाई
अमर उजाला ब्यूरो
डेराबस्सी।
गांव चड़ियाला में लंबे समय से अवैध माइनिंग की जा रही है। इसे रोकने में माइनिंग विभाग, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी नाकाम साबित हो रहे हैं। गांव की शामलात जमीन में हो रही माइनिंग को लेकर बीते दिनों गांव की पंचायत की तरफ से एक बैठक कर खनन माफिया के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए प्रस्ताव पारित कर संबधित विभागों को भेजा गया है। इसके बावजूद अधिकारी मूकदर्शक बने बैठे हैं। पंचायत ने आशंका जताई है कि अधिकारियों की तरफ से कार्रवाई नहीं की जा रही है, संभवत: वे भी खनन माफियाओं से मिले हुए हैं।
गांव के सरपंच हरचंद सिंह, लाभ सिंह, गुरध्यान सिंह, भगवान सिंह, केसर सिंह ने बताया कि यहां से गुजरती घग्गर और आसपास की जमीनों में से लंबे समय से रेत की चोरी की जा रही है। पंचों ने कहा कि माफिया ट्रालियों में रोजाना ट्रालियों में रेत भर कर ले जाते हैं। इससे सरकार को लाखों रुपये का चूना लगाया जा रहा है। मौके पर विरोध करने पर जान से मारने की धमकियां दी जाती हैं।
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उन्होंने आरोप लगाया कि बीते दिनों में घग्गर नदी के साथ लगती गांव की शामलात जमीन से रेत की चोरी की जा रही है। पहले तो यह नाजायज माइनिंग रात में होती थी, लेकिन प्रशासनिक अधिकारी और पुलिस की तरफ से कोई कार्रवाई न होने पर अब माफिया दिनदहाड़े खुलेआम माइनिंग कर रहा है। पंचायत की तरफ से माइनिंग बंद कराने के लिए लंबे समय से अलग-अलग विभागों के अधिकारियों को शिकायतें देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इससे स्पष्ट है कि माफिया को पंजाब सरकार और अफसरों का संरक्षण हासिल है।
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गांव के सरपंच और अन्य पंचायत सदस्यों ने रोष प्रकट करते कहा कि यदि जल्द अवैध माइनिंग बंद नहीं करवाई गई तो वह संघर्ष करते हुए माइनिंग करने के लिए आने वाली गाड़ियों की नुकसान पहुंचाएंगे। इसकी जिम्मेदारी पंजाब सरकार की होगी।
थाना प्रमुख गुरप्रीत सिंह बैंस ने कहा कि गांव वासियों की तरफ से मामला ध्यान में लाने पर बनती कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अवैध माइनिंग होने पर तुरंत पुलिस को सूचना देने की बात कही।
गांव बाकरपुर में नहीं रुकी माइनिंग
डेराबस्सी क्षेत्र में बीते कुछ समय से खुलेआम अवैध माइनिंग चल रही है। इस संबंध में अलग अलग गांवों के लोगों की तरफ से शिकायतें देने की बावजूद अधिकारी कार्रवाई नहीं कर रहे। गांव बाकरपुर में लंबे समय से अवैध खनन जारी है, इस संबंध में कई बार गांव के लोग लिखित शिकायतें देने के अलावा रोष प्रदर्शन भी कर चुके हैं पर कोई सुनवाई नहीं हो रही है। गांव वासियों की तरफ से नाजायज माइनिंग कर रही पोकलेन मशीनें पुलिस के हवाले की जा चुकी है, लेकिन पुलिस हर बार आरोपियों व मशीनों को छोड़ देती है।