चंबा। लापता बच्चे को ढूंढ कर लाने की जिद लेकर महिला पुलिस चौकी के बाहर सड़क पर बैठ गईं। महिला पुलिस कर्मी उसे वहां से उठाने की कोशिश करती रही लेकिन वह नहीं हटी। जबरदस्ती करने पर वह सड़क पर ही लेट गईं। बिलखते हुए उसके मुंह से एक ही आवाज निकल रही थी कि मुझे मेरा बच्चा लाकर दो। यह महिला उस छह वर्षीय गगनदीप की मां है, जिसे उसके पिता ने ही रावी नदी में फेंकने का दावा किया है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है लेकिन मासूम की मां सारिका का कहना है कि उसका बच्चा रावी नदी में नहीं फेंका गया है, बल्कि उसे छुपाया गया है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि जब बच्चे को नदी में फेंकने की वारदात घटी, उस दिन उसके पति के साथ एक अन्य महिला भी क्वार्टर में थी। जब उन्होंने वहां जाकर स्थानीय लोगों से पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि महिला और उसके पति के बीच वारदात वाले दिन झगड़ा चल रहा था, जबकि बच्चा कमरे के बाहर बैठा था। उसकी बाजू से खून भी बह रहा था। ऐसे में उसे पूरा शक है कि उसके बच्चे के लापता होने के पीछे उस महिला का ही हाथ है। इसलिए वह पुलिस से मांग कर रही है कि उस महिला को गिरफ्तार करके सख्ती से पूछताछ की जाए अन्यथा वह सड़क से नहीं हटेगी। करीब आधे घंटे बाद पुलिस ने महिला को आश्वासन दिया और उसे वहां से हटाया। पुलिस अधीक्षक विजय सकलानी ने बताया कि पुलिस इस मामले में गहनता से जांच कर रही है। आरोपी व्यक्ति ने स्वयं स्वीकारा है कि उसने अपने बच्चे को नदी में फेंक दिया है। अन्य सभी पहलुओं पर भी जांच की रही है।