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बठिंडाः घर वापसी के लिए भड़के मजदूरों ने पुलिस की गाड़ी पर किया पथराव, जान बचाकर भागे कर्मी
Sat, 16 May 2020 05:35 PM IST
पंचकुला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बठिंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, बठिंडा
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Sat, 16 May 2020 05:35 PM IST
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मजदूरों से जान बचाकर भागते पुलिसकर्मी
एम्स में काम करने आए प्रवासी मजदूर शनिवार को घर वापस जाने की मांग को लेकर भड़क गए। मौके पर पहुंची थाना सदर की पुलिस पार्टी पर मजदूरों ने पथराव कर दिया। इस पर चार पुलिस कर्मी अपने एक साथी को छोड़कर गाड़ी लेकर जान बचाते हुए भाग निकले। इस पूरे घटना क्रम की एक वीडियो भी वायरल हुई है। मजदूरों के घेराव में फंसे पुलिसकर्मी को मजदूरों ने कोई नुकसान नहीं पहुंचाया।
मजदूर सनी, शिवम, राजेश्वर, अब्बदुल्ला ने बताया कि सौ के करीब लोगों को एम्स में काम के लिए एक प्राइवेट कंपनी उन्हें दो माह के लिए बठिंडा लेकर आई थी। इसी दौरान लॉकडाउन हो गया और वह एम्स में ही फंसे है। जब कंपनी के अधिकारियों से उन्होंने बात की तो उन्हें आश्वासन दिया था कि उनकी हाजिरी लगाकर पैसे दिए जाएगें। अभी तक ना तो उनकी हाजिरी लगी और न ही उन्हें कंपनी से कोई पैसा मिला।
मजदूरों ने बताया कि जो उनके पास मौजूद पैसे खर्च हो गए। अब कंपनी के अधिकारी उनकी कोई सुनवाई नहीं कर रहे। मजदूरों ने कहा कि अब वह वापस अपने घर जाना चाहते है तो कंपनी के अधिकारी हर बार टाल दे रहे। मजदूरों ने आरोप लगाया कि आज वह जब कंपनी के अधिकारी से बात करने के लिए एकत्र हुए तो एम्स में पहुंची पुलिस पार्टी ने उन्हें लाठियां मारकर भगाने का प्रयास किया। इस पर उन्हें पुलिस का विरोध करना पड़ा।
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इस पूरे घटनाक्रम को लेकर एसएसपी नानक सिंह का कहना था कि मजदूरों ने पुलिस पर कोई पथराव नहीं किया, वो तो थोड़ा एग्रेसिव हुए थे। एसएसपी ने बताया किसी भी मजदूर पर कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी।
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मजदूर सनी, शिवम, राजेश्वर, अब्बदुल्ला ने बताया कि सौ के करीब लोगों को एम्स में काम के लिए एक प्राइवेट कंपनी उन्हें दो माह के लिए बठिंडा लेकर आई थी। इसी दौरान लॉकडाउन हो गया और वह एम्स में ही फंसे है। जब कंपनी के अधिकारियों से उन्होंने बात की तो उन्हें आश्वासन दिया था कि उनकी हाजिरी लगाकर पैसे दिए जाएगें। अभी तक ना तो उनकी हाजिरी लगी और न ही उन्हें कंपनी से कोई पैसा मिला।
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मजदूरों ने बताया कि जो उनके पास मौजूद पैसे खर्च हो गए। अब कंपनी के अधिकारी उनकी कोई सुनवाई नहीं कर रहे। मजदूरों ने कहा कि अब वह वापस अपने घर जाना चाहते है तो कंपनी के अधिकारी हर बार टाल दे रहे। मजदूरों ने आरोप लगाया कि आज वह जब कंपनी के अधिकारी से बात करने के लिए एकत्र हुए तो एम्स में पहुंची पुलिस पार्टी ने उन्हें लाठियां मारकर भगाने का प्रयास किया। इस पर उन्हें पुलिस का विरोध करना पड़ा।
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इस पूरे घटनाक्रम को लेकर एसएसपी नानक सिंह का कहना था कि मजदूरों ने पुलिस पर कोई पथराव नहीं किया, वो तो थोड़ा एग्रेसिव हुए थे। एसएसपी ने बताया किसी भी मजदूर पर कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी।