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थाना प्रभारी और थाना मुंशी गिरफ्तार
ब्यूरो/अमर उजाला, बरनाला
Updated Mon, 16 May 2016 09:46 PM IST
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Arrest
पुलिस के अत्याचार के बाद पुलिस चौकी में सल्फास की गोलियां निगलकर अपनी जान देने वाले किसान बलदेव सिंह की मौत के मामले में नामजद आरोपी पुलिस अधिकारियों को बरनाला पुलिस ने सोमवार को गिरफ्तार कर लिया है।
घटना के अनुसार 13 मई की शाम को करीब साढ़े सात बजे पुलिस चौकी हंडियाया के प्रभारी चरणजीत सिंह ने नाकाबंदी कर वाहनों की चेकिंग के लिए मुहिम छेड़ी हुई थी। वे पुलिस पार्टी सहित सभी वाहनों की चेकिंग कर रहे थे। जिसके पास दस्तावेज नहीं थे उसका चालान काट रहे थे। इतने में किसान बलदेव सिंह भी वहां अपने बाइक पर पहुंचा तो उसकी नाके पर पुलिस मुलाजिमों के किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई।
आरोप है कि इससे गुस्साए पुलिस मुलाजिम उसे पीटते हुए पुलिस चौकी ले गए थे। वहां चौकी इंचार्ज चरणजीत सिंह व मुंशी सौदागर सिंह ने उसकी मारपीट कर उसे हवालात में बंद कर दिया था। पुलिस प्रताड़ना से तंग आकर बलदेव सिंह ने हवालात में ही सल्फास की गोलियां निगलकर अपनी जान दे दी।
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गवाह सुखविंदर सिंह बबली के बयानों पर चौकी इंचार्ज चरणजीत सिंह व थाना मुंशी सौदागर सिंह के खिलाफ बरनाला पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया था और आरोपी पुलिस अधिकारी फरार चल रहे थे।
एसपीडी स्वर्ण सिंह खन्ना ने बताया कि किसान बलदेव सिंह की हत्या के मामले में नामजद दोनों आरोपी पुलिस अधिकारियों, चौकी प्रभारी चरणजीत सिंह व थाना मुंशी सौदागर सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है।
एसपीडी खन्ना ने कहा कि मृतक नौजवान किसान बलदेव सिंह के पास तलाशी के बावजूद सल्फास की गोलियां कहां से आई, या गोलियां उसके पास कैसे पहुंची, तलाशी के दौरान उससे सल्फास की गोलियां बरामद क्यों नहीं हुईं, उसको गोलियां खिलाईं गई या उसने खुद खाईं, ये सबकुछ आरोपी पुलिस अधिकारियों की पूछताछ के बाद सामने आएगा। उनसे गहनता से पूछताछ की जा रही है।
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घटना के अनुसार 13 मई की शाम को करीब साढ़े सात बजे पुलिस चौकी हंडियाया के प्रभारी चरणजीत सिंह ने नाकाबंदी कर वाहनों की चेकिंग के लिए मुहिम छेड़ी हुई थी। वे पुलिस पार्टी सहित सभी वाहनों की चेकिंग कर रहे थे। जिसके पास दस्तावेज नहीं थे उसका चालान काट रहे थे। इतने में किसान बलदेव सिंह भी वहां अपने बाइक पर पहुंचा तो उसकी नाके पर पुलिस मुलाजिमों के किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई।
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आरोप है कि इससे गुस्साए पुलिस मुलाजिम उसे पीटते हुए पुलिस चौकी ले गए थे। वहां चौकी इंचार्ज चरणजीत सिंह व मुंशी सौदागर सिंह ने उसकी मारपीट कर उसे हवालात में बंद कर दिया था। पुलिस प्रताड़ना से तंग आकर बलदेव सिंह ने हवालात में ही सल्फास की गोलियां निगलकर अपनी जान दे दी।
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गवाह सुखविंदर सिंह बबली के बयानों पर चौकी इंचार्ज चरणजीत सिंह व थाना मुंशी सौदागर सिंह के खिलाफ बरनाला पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया था और आरोपी पुलिस अधिकारी फरार चल रहे थे।
एसपीडी स्वर्ण सिंह खन्ना ने बताया कि किसान बलदेव सिंह की हत्या के मामले में नामजद दोनों आरोपी पुलिस अधिकारियों, चौकी प्रभारी चरणजीत सिंह व थाना मुंशी सौदागर सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है।
एसपीडी खन्ना ने कहा कि मृतक नौजवान किसान बलदेव सिंह के पास तलाशी के बावजूद सल्फास की गोलियां कहां से आई, या गोलियां उसके पास कैसे पहुंची, तलाशी के दौरान उससे सल्फास की गोलियां बरामद क्यों नहीं हुईं, उसको गोलियां खिलाईं गई या उसने खुद खाईं, ये सबकुछ आरोपी पुलिस अधिकारियों की पूछताछ के बाद सामने आएगा। उनसे गहनता से पूछताछ की जा रही है।