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अदालत में रिकार्ड पेश करने के लिए मांगे तीन हजार, काबू
ब्यूरो/अमर उजाला, लुधियाना
Updated Fri, 23 Sep 2016 09:46 PM IST
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केस संबंधी रिकार्ड को अदालत में पेश करने के एवज में तीन हजार रुपये की रिश्वत लेने वाले एएसआई और उसके एक कारिंदे को विजिलेंस की टीम ने कचहरी परिसर से गिरफ्तार किया है। विजिलेंस ने थाना डाबा के एएसआई जनक राज और बरोटा रोड के रहने वाले बलजीत सिंह उर्फ बिल्ला के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। आरोपियों को शनिवार को अदालत में पेश किया जाएगा।
विजिलेंस डीएसपी जसविंदर सिंह ने कहा कि बरोटा रोड स्थित गुरु गोबिंद सिंह नगर की रहने वाली नरिंदर कौर की बहन प्रवीण कौर के खिलाफ थाना डाबा में हत्या के प्रयास सहित कई धाराओं के तहत मामला दर्ज है और वह पिछले कुछ समय से जेल में बंद है। नरिंदर कौर ने उसकी जमानत याचिका अदालत में दाखिल की हुई थी।
अदालत ने पुलिस से इस केस के बारे में सारा रिकार्ड मंगवाया था, लेकिन एएसआई जनक राज तीन तारीखों पर भी रिकार्ड नहीं लेकर गया था। जब नरिंदर कौर ने जनकराज से बात की तो उसने दस हजार रुपये की मांग की। दोनों के बीच सौदा छह हजार रुपये में तय हो गया। तीन हजार रुपये शुक्रवार को कोर्ट कांप्लेक्स में दिए जाने थे, जबकि तीन हजार रुपये 27 सितंबर को रिकार्ड पेश करने के बाद देने थे।
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इसी दौरान नरिंदर कौर ने इसकी जानकारी विजिलेंस की टीम को दी। शुक्रवार को तय समय के मुताबिक नरिंदर कौर एएसआई जनकराज को पैसे देने पहुंची। जैसे ही नरिंदर ने उसे तीन हजार रुपये दिए तो विजिलेंस की टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में पुलिस ने एएसआई का साथ देने वाले उसके एक कारिंदे को भी काबू किया है।
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विजिलेंस डीएसपी जसविंदर सिंह ने कहा कि बरोटा रोड स्थित गुरु गोबिंद सिंह नगर की रहने वाली नरिंदर कौर की बहन प्रवीण कौर के खिलाफ थाना डाबा में हत्या के प्रयास सहित कई धाराओं के तहत मामला दर्ज है और वह पिछले कुछ समय से जेल में बंद है। नरिंदर कौर ने उसकी जमानत याचिका अदालत में दाखिल की हुई थी।
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अदालत ने पुलिस से इस केस के बारे में सारा रिकार्ड मंगवाया था, लेकिन एएसआई जनक राज तीन तारीखों पर भी रिकार्ड नहीं लेकर गया था। जब नरिंदर कौर ने जनकराज से बात की तो उसने दस हजार रुपये की मांग की। दोनों के बीच सौदा छह हजार रुपये में तय हो गया। तीन हजार रुपये शुक्रवार को कोर्ट कांप्लेक्स में दिए जाने थे, जबकि तीन हजार रुपये 27 सितंबर को रिकार्ड पेश करने के बाद देने थे।
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इसी दौरान नरिंदर कौर ने इसकी जानकारी विजिलेंस की टीम को दी। शुक्रवार को तय समय के मुताबिक नरिंदर कौर एएसआई जनकराज को पैसे देने पहुंची। जैसे ही नरिंदर ने उसे तीन हजार रुपये दिए तो विजिलेंस की टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में पुलिस ने एएसआई का साथ देने वाले उसके एक कारिंदे को भी काबू किया है।